
Numerology Prediction: न्यूमैरोलॉजी यानी अंक शास्त्र के अनुसार किसी भी व्यक्ति का मूलांक उसकी जन्म तारीख से निकाला जाता है और यही मूलांक उसके स्वभाव, सोच और व्यवहार की कई परतों को सामने लाता है. कहा जाता है कि कुछ मूलांक ऐसे होते हैं जिन पर जन्मे लोग सामने वाले को जल्दी समझने की कोशिश करते हैं, लेकिन कई बार ये समझ जजमेंट में बदल जाती है. ये लोग दूसरों की बातों, फैसलों और आदतों को तुरंत परख लेते हैं. कई मौकों पर इनका आंकलन सही भी साबित होता है, लेकिन कभी-कभी यही आदत रिश्तों में दूरी और गलतफहमी की वजह बन जाती है. फैमिली हो या सोशल सर्कल, जजमेंटल नेचर कई बार तनाव बढ़ा देता है. अंक शास्त्र में तीन ऐसे मूलांकों का जिक्र मिलता है, जिन पर जन्मे लोग दूसरों को जज करने की आदत के लिए जाने जाते हैं. आइए जानते हैं कौन से हैं ये मूलांक और कैसी होती है इनकी पर्सनालिटी.
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मूलांक 1 वाले लोग क्यों होते हैं जजमेंटल
जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 1, 10, 19 या 28 तारीख को होता है, उनका मूलांक 1 माना जाता है. इस मूलांक का स्वामी सूर्य होता है. सूर्य की तरह ये लोग आत्मविश्वासी, तेजस्वी और लीडरशिप क्वालिटी वाले होते हैं. लेकिन इसी के साथ इनमें ओवरथिंकिंग की आदत भी देखी जाती है. ये सामने वाले के व्यवहार को जल्दी आंक लेते हैं और कई बार बिना पूरी जानकारी के राय बना लेते हैं. इनका जजमेंट कई बार सही होता है, लेकिन जल्दबाजी की वजह से गलतफहमी भी हो सकती है.
मूलांक 4 के लोग जल्दी बना लेते हैं राय
मूलांक 4 उन लोगों का होता है जिनका जन्म 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ हो. इस मूलांक का स्वामी राहु माना जाता है. राहु के प्रभाव से ये लोग मेहनती, प्रैक्टिकल और थोड़े रहस्यमयी स्वभाव के होते हैं. ये हर चीज को अपने नजरिए से देखने की कोशिश करते हैं. दूसरों को समझने में ये लोग कई बार जल्दबाजी कर बैठते हैं और सामने वाले को जज कर लेते हैं. इनका विश्लेषण करने का तरीका अलग होता है, लेकिन हर बार सही हो ये जरूरी नहीं.
मूलांक 8 वालों की सोच होती है सख्त
किसी भी महीने की 8, 17 या 26 तारीख को जन्मे लोगों का मूलांक 8 होता है. इस मूलांक का स्वामी शनि होता है. शनि के प्रभाव से ये लोग अनुशासित, गंभीर और मेहनती होते हैं. लेकिन इनकी सोच काफी सख्त होती है. ये लोग दूसरों को जज करने और क्रिटिसाइज करने में देर नहीं लगाते. कई बार इन्हें लगता है कि ये सबसे बेहतर हैं और बाकी लोग इनके स्टैंडर्ड पर खरे नहीं उतरते. यही सोच रिश्तों में कड़वाहट की वजह बन सकती है.
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. एनडीटीवी इसकी पुष्टि नहीं करता है.