पुरी बीच पर रेत में उतरे भोलेनाथ, 17 हजार रुद्राक्ष से बनी अद्भुत कला

Puri Beach sand art: समुद्र की लहरें, ठंडी हवा और रेत पर उभरती एक दिव्य आकृति. जैसे किसी ने आस्था को आकार दे दिया हो. महाशिवरात्रि के पावन मौके पर पुरी बीच पर कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला, जिसने श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
सैंड आर्टिस्ट सुदर्शन पटनायक ने 17 हजार रुद्राक्षों से बनाई भगवान शिव की प्रतिमा

Sand Art by Sudarsan Pattnaik: ओडिशा के पुरी बीच पर मशहूर रेत कलाकार Sudarsan Pattnaik ने भगवान शिव को समर्पित एक अद्भुत सैंड आर्ट तैयार की. यह विशेष कला महाशिवरात्रि 2026 के अवसर पर बनाई गई. कलाकार ने इसमें 17 हजार पवित्र रुद्राक्ष और 500 छोटे शिवलिंग का इस्तेमाल किया.

आस्था का अनोखा रूप (Sudarsan Pattnaik sand artist)

रेत पर उकेरी गई यह कलाकृति सिर्फ कला नहीं, बल्कि भक्ति का प्रतीक है. विशाल आकार में बनाई गई इस स्थापना के बीच हर-हर महादेव का संदेश झलकता है. समुद्र की लहरों के बीच यह दृश्य किसी रहस्यमय तपस्या जैसा लगता है.

कलाकार का संदेश (Artist Shares Spiritual Message)

सुदर्शन पटनायक ने अपने एक्स हैंडल पर इस कृति की तस्वीर साझा करते हुए लिखा कि, यह स्थापना हर-हर महादेव का दिव्य संदेश फैलाने का माध्यम है. उन्होंने बताया कि रुद्राक्ष और शिवलिंग के जरिए उन्होंने श्रद्धा और समर्पण को दर्शाने की कोशिश की है. यह खबर दिखाती है कि भारतीय त्योहारों में कला और आध्यात्म का गहरा संगम होता है. महाशिवरात्रि पर इस तरह की पहल लोगों में श्रद्धा और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है.

ये भी पढ़ें:-बुर्के में कांवड़ लेकर चली संभल की तमन्ना, आस्था ने जोड़ी दिलों की डोर, लगाए 'बम-बम भोले' के नारे

Disclaimer: यह खबर सोशल मीडिया पर यूजर द्वारा की गई पोस्ट से तैयार की गई है. एनडीटीवी इस कंटेंट की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता.
 

Advertisement
Featured Video Of The Day
US South Korea Military Drill: ईरान के बाद अब नॉर्थ कोरिया के तानाशाह Kim Jong Un की बारी?