- ईरान के इस्लामी रिव्यालुशनरी गार्ड ने अमेरिका और अन्य दुश्मनों को अपनी सैन्य तत्परता की चेतावनी दी है
- IRGC ने अमेरिकी और जियोनिस्ट दुश्मनों के समझौतों के उल्लंघन के बाद पूरी सैन्य तैयारी की पुष्टि की है
- ईरान ने अमेरिकी और इजरायली नेताओं को पिछली हारों को याद रखने और धमकाने से बचने की सलाह दी है
अमेरिका से पाकिस्तान के इस्लामाबाद में शांति वार्ता से पहले ईरान ने एक बार फिर US को बड़ी चेतावनी दे दी है. ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने कहा है कि हम अमेरिका और दूसरे दुश्मनों के सामने ये साफ कर देना चाहते हैं कि हमारी उंगलियां अभी भी ट्रिगर पर ही हैं. IRGC ने कहा कि इस्लामी क्रांति के नेता और सशस्त्र बलों के कमांडर-इन-चीफ़ द्वारा जारी किए गए गहन, मनोबल बढ़ाने वाले और प्रेरणादायक संदेश के बाद, हम यह घोषणा करते हैं कि अमेरिकी और जियोनिस्ट दुश्मनों द्वारा समझौतों के बार-बार उल्लंघन को देखते हुए, इस्लामी गणतंत्र ईरान के सशस्त्र बल पूरी तरह से तैयार हैं.
ट्रंप और नेतन्याहू को अपनी 'हार' को याद करना चाहिए
ठीक वैसे ही, जैसे थोपे गए युद्ध के दौरान और 43 दिनों की असमान लड़ाई के समय थीं.अमेरिका के अपराधी नेताओं, बच्चों की हत्या करने वाली ज़ायोनी सत्ता, और उनके पराजित कमांडरों व सैन्य कर्मियों को विजयी, शक्तिशाली और वीर ईरानी जनता को या फिर अजेय इस्लामी प्रतिरोध मोर्चे को धमकाने का कोई अधिकार नहीं है. IRGC ने आगे कहा कि ट्रंप और नेतन्याहू के लिए बेहतर यही होगा कि वे थोपे गए उस युद्ध के दौरान अपनी और अपनी सेनाओं की शर्मनाक हार को याद करें . और जिसमें आत्म-बलिदानी लड़ाकों द्वारा किए गए शक्तिशाली हमलों तथा अप्रत्याशित ऑपरेशनों का सामना करना पड़ा था और ईरानी जनता या अडिग प्रतिरोध बलों को धमकाने की कोशिश न करें.
होर्मुज के मैनेजमेंट का नया चरण करेंगे शुरू
अमेरिकी और अन्य दुश्मनों को वह सब याद रखना चाहिए जो उन्होंने युद्ध के मैदान में देखा था. जहां सशस्त्र सेनाओं ने, लोगों के समर्थन और नेतृत्व के मार्गदर्शन से, तथा देश में ही बने उन्नत हथियारों और तकनीकों का उपयोग करते हुए, दुनिया की सबसे शक्तिशाली कही जाने वाली सेनाओं को चुनौती दी और उन्हें हराया.हम यह घोषणा करते हैं कि हम हमलावरों को बिना दंडित किए नहीं छोड़ेंगे. हम होर्मुज़ के मैनेजमेंट में एक नए चरण में प्रवेश करेंगे, उस पर नियंत्रण रखने की पहल को बनाए रखेंगे, और किसी भी परिस्थिति में अपने वैध अधिकारों का त्याग नहीं करेंगे.
प्रतिरोध मोर्चे की एकता को देखते हुए, यदि हिज़्बुल्लाह और दमित लेबनानी लोगों पर दुश्मन के हमले जारी रहते हैं विशेष रूप से दक्षिणी उपनगरों में तो हम एक सशक्त और करारा जवाबी हमला करेंगे.हम ईरान के इस्लामी राष्ट्र से आह्वान करते हैं कि वे फूट डालने के प्रयासों के प्रति सतर्क रहें, और सार्वजनिक स्थलों पर अपनी साहसी, एकजुट और सक्रिय उपस्थिति बनाए रखें.
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