फिलिस्तीन समर्थक निबंध के कारण MIT ने भारतीय मूल के छात्र को किया सस्पेंड! जानिए पूरा मामला

फिलिस्तीन समर्थक निबंध के कारण एमआईटी ने भारतीय छात्र प्रह्लाद अयंगर को सस्पेंड कर दिया है. एमआईटी ने इस निबंध को हिंसक गतिविधियों को बढ़ावा देने वाला मानते हुए अयंगर की कैंपस में एंट्री पर रोक लगा दी है.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
नई दिल्ली:

विश्व के प्रतिष्ठित संस्थानों में शुमार मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) में भारतीय मूल के छात्र को सस्पेंड कर दिया गया है. छात्र प्रह्लाद अयंगर पर फिलिस्तीन समर्थक निबंध लिखने के कारण यह कदम उठाया गया है. अयंगर MIT से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (Electrical engineering) और कंप्यूटर विज्ञान विभाग में पीएचडी कर रहे हैं.  कॉलेज की मैगजीन में प्रकाशित एक निबंध में शांतिवादी रणनीति की आलोचना करते हुए फिलिस्तीन के संदर्भ में अपनी बात उन्होंने रखी है. आयंगर के लिखे निबंध का शीर्षक ‘ऑन पैसिफिज्म' है. गौरतलब है कि निबंध में पॉपुलर फ्रंट फॉर द लिबरेशन ऑफ फिलिस्तीन का लोगो भी शामिल था, जिसे अमेरिकी सरकार एक आतंकवादी संगठन मानती है. 

एमआईटी ने इस निबंध को हिंसक गतिविधियों को बढ़ावा देने वाला मानते हुए अयंगर की कैंपस में एंट्री पर रोक लगा दी है. यूनिवर्सिटी का मानना है कि निबंध में इस्तेमाल की गई भाषा और लोगो की मौजूदगी हिंसा को उकसाने वाली है. 

हालांकि अयंगर ने इन आरोपों का खंडन करते हुए दावा किया है कि उनका उद्देश्य केवल अपनी राय व्यक्त करना था और उन्होंने हिंसा का समर्थन नहीं किया. उन्होंने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए विश्वविद्यालय के फैसले की निंदा की है. बताते चलें कि यह पहली बार नहीं है जब अयंगर सस्पेंड हुए हैं. पिछले साल फिलिस्तीन समर्थक प्रदर्शनों के कारण भी उन्हें सस्पेंड कर दिया गया था.  

ये भी पढ़ें-: 

भारत ने सीरिया से 75 नागरिकों को निकाला, विदेश मंत्री ने कहा- भारतीयों की सुरक्षा प्राथमिकता

Featured Video Of The Day
Sucherita Kukreti | Owaisi Hijab PM: PM इन हिजाब की डिमांड, ओवैसी का मजहबी ख्वाब? | Mic On Hai
Topics mentioned in this article