ईरान ने दे दी इजरायल पर मिसाइल हमले की धमकी, संघर्षविराम के कुछ घंटों में क्यों भड़क उठा

ईरान की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद ने चेतावनी दी है कि दक्षिणी लेबनान में गोलीबारी न रुकी तो तेल अवीव पर हमले शुरू होंगे.

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  • ईरान ने चेतावनी दी है कि लेबनान में गोलीबारी बंद न होने पर तेल अवीव पर मिसाइल हमले शुरू होंगे
  • अमेरिका और ईरान ने 14 दिनों के लिए संघर्ष विराम और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने का समझौता किया है
  • इजरायल ने कहा कि हिज्बुल्लाह के खिलाफ लड़ाई और जमीनी अभियान सीजफायर में शामिल नहीं होंगे
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ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच जंग थमे अभी कुछ ही घंटे गुजरे हैं और हालात फिर बिगड़ते नजर आ रहे हैं. ईरान की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद ने एक्‍स पोस्‍ट में कहा है, "अगर दक्षिणी लेबनान में गोलीबारी कुछ ही घंटों में नहीं रुकी, तो वायु सेना और मिसाइल यूनिट्स तेल अवीव पर बमबारी करना शुरू कर देगी". बता दें कि ईरान और अमेरिका के शीर्ष नेताओं ने आज भी 14 दिनों के सीजफायर का ऐलान किया है. इन 2 हफ्तों में कोई भी देश किसी पर हमला नहीं करेगा और इस दौरान स्‍ट्रेट ऑफ होर्मुज भी खोल दिया जाएगा.

इजरायल ने कहा था- हिज्‍बुल्‍ला पर हमले जारी रहेंगे

इजरायली सेना ने कहा था कि लेबनानी मिलीशिया हिज्बुल्ला के खिलाफ युद्ध में लड़ाई और जमीनी अभियान जारी है. सीजफायर के बाद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कहा कि यह दो हफ्तों का संघर्ष-विराम लेबनान पर लागू नहीं होता है. इजरायल के प्रधानमंत्री ने एक बयान में कहा, "इजरायल, राष्ट्रपति ट्रंप के उस फैसले का समर्थन करता है, जिसके तहत ईरान के खिलाफ हमलों को दो हफ्तों के लिए रोक दिया गया है. यह समर्थन इस शर्त पर है कि ईरान तुरंत जलडमरूमध्य (स्ट्रेट्स) को खोल दे और अमेरिका, इजरायल व इस क्षेत्र के अन्य देशों पर होने वाले सभी हमलों को रोक दे."

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ईरान-अमेरिका-इजरायल के बीच 14 दिन का सीजफायर

इससे पहले, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संघर्ष-विराम समझौते के तहत ईरान के खिलाफ हमलों को दो हफ्ते के लिए सशर्त रोकने की घोषणा की. उन्होंने इस कदम को रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़' को फिर से खोलने के प्रयासों से जोड़ा. ईरान ने इस प्रस्ताव को अस्थायी रूप से स्वीकार करने का संकेत दिया. ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि अगर ईरान पर हमले बंद हो जाते हैं, तो तेहरान भी अपनी सैन्य कार्रवाई रोक देगा. जंग में हिज्‍बुल्‍लाह में ईरान का साथ दिया है. अब ईरान का कहना है कि हिज्‍बुल्‍ला के खिलाफ भी इजरायल को हमले रोकने होंगे.

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