अयोध्या के भव्य राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का जो विवाद आजकल सुर्खियों में है, उस पर खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या पहुंचकर कड़ा बयान दिया है. सीएम योगी का यह बयान उन सभी रामभक्तों के लिए है जो इस मामले को लेकर चिंतित हैं, और साथ ही उन विरोधियों के लिए भी है जो इस मुद्दे पर सियासत कर रहे हैं.
रामभक्तों से अपील, 'बस 15 दिन का इंतजार'
सीएम योगी ने सभी रामभक्तों को भरोसा दिलाते हुए कहा है कि वे बिल्कुल चिंता न करें और थोड़ा धैर्य बनाए रखें. ट्रस्ट के अनुरोध पर एसआईटी (SIT) जांच शुरू हो गई है. उन्होंने वादा किया है कि बस 15 दिन और इंतजार करें, सच सबके सामने होगा और कोई भी असली अपराधी बख्शा नहीं जाएगा.
अखिलेश यादव पर तीखा तंज
अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी के आरोपों का करारा जवाब देते हुए सीएम योगी ने तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि जो लोग कभी रामभक्तों और कार सेवकों पर गोलियां चलवाते थे, जो माफियाओं की कब्र पर जाकर फातिहा पढ़ते हैं, वो आज हमें रामभक्ति का उपदेश दे रहे हैं.
बयानबाजी और चरित्र हनन से बचें: मुख्यमंत्री ने सख्त लहजे में कहा कि जब तक SIT की रिपोर्ट नहीं आ जाती, तब तक किसी भी तरह की बयानबाजी न करें, क्योंकि इससे जांच प्रभावित होती है. उन्होंने चेतावनी दी कि बिना सबूत किसी का चरित्र हनन न करें और अयोध्या को बदनाम करने की कोशिश न करें.