- हरिद्वार नगर निगम ने कच्चे मांस की दुकानों को शहर से बाहर सराय क्षेत्र में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया है
- यह निर्णय अर्द्ध कुंभ 2027 को ध्यान में रखते हुए साधु‑संतों और स्थानीय लोगों की मांग पर लिया गया है
- सराय क्षेत्र में कच्चे मांस की बिक्री के लिए 57 से 68 दुकानें तैयार कराई गई हैं, जहां सभी दुकानें शिफ्ट होंगी
हरिद्वार तीर्थ की मर्यादा बनाए रखने के उद्देश्य से नगर निगम की तरफ से बड़ा फैसला लिया गया है. नगर निगम क्षेत्र में संचालित कच्चे मांस की दुकानों को अब शहर से बाहर शिफ्ट किया जाएगा. इसके तहत कच्चे मीट की सभी दुकानों को हरिद्वार के सराय क्षेत्र में स्थानांतरित किया जाएगा. इस संबंध में हरिद्वार नगर निगम की बोर्ड बैठक में प्रस्ताव लाया गया, जिसे सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया.
अर्द्ध कुंभ 2027 को लेकर नगर निगम का फैसला
बताया गया है कि 2027 में प्रस्तावित अर्द्ध कुंभ को देखते हुए साधु‑संतों और स्थानीय लोगों की ओर से लंबे समय से कुंभ क्षेत्र और नगर सीमा में मीट की दुकानों को बंद करने की मांग की जा रही थी. इसी को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने यह निर्णय लिया है. प्रस्ताव के तहत शहर में संचालित कच्चे मांस की दुकानों को सराय क्षेत्र में शिफ्ट किया जाएगा, जहां इसके लिए दुकानें तैयार की गई हैं.
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सराय क्षेत्र में तैयार होंगी कच्चे मीट की दुकानें
नगर निगम प्रशासन के अनुसार सराय क्षेत्र में कच्चे मीट की दुकानों को स्थानांतरित करने के लिए करीब 57 से 68 दुकानें तैयार कराई गई हैं. शहर में मौजूद सभी कच्चे मांस की दुकानों को इन्हीं दुकानों में शिफ्ट किया जाएगा. यह फैसला हरिद्वार नगर पालिका उपनियमों के तहत लिया गया है, जिनके अनुसार नगर निगम क्षेत्र में मांस और नॉनवेज की बिक्री पर प्रतिबंध है.
आस्था से जुड़ी शिकायतों के बाद लिया गया निर्णय
हरिद्वार मेयर किरण जैसल ने बताया कि कच्चे मीट की दुकानों को नगर क्षेत्र से बाहर हटाने की मांग काफी समय से की जा रही थी. ज्वालापुर क्षेत्र में कच्चे मांस की दुकानों में मांस काटे जाने को लेकर लोगों की आस्था को ठेस पहुंचने की शिकायतें सामने आ रही थीं. इसी को देखते हुए दुकानों को सराय क्षेत्र में शिफ्ट करने की योजना बनाई गई.
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बोर्ड से सर्वसम्मति, दुकानदारों की सहमति भी मिली
मेयर ने कहा कि इस प्रस्ताव को नगर निगम बोर्ड में रखा गया था, जिसे सर्वसम्मति से मंजूरी मिली है. उन्होंने यह भी बताया कि दुकानदारों को विश्वास में लिया गया है और उनकी सहमति भी प्राप्त हो चुकी है. नगर निगम बायलॉज में जो नियम पहले से लागू हैं, उनका पालन सुनिश्चित करने के लिए ही यह निर्णय लिया गया है. अब जल्द से जल्द कच्चे मीट की दुकानों को सराय क्षेत्र में शिफ्ट करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी.














