PM Fasal Bima Yojana: मौसम से फसल हो गई बरबाद, तो किसान ना हों परेशान, BRFSY और PMFBY से होगी भरपाई, जानिए कैसे

PM Fasal Bima Yojana: BRFSY यानी बिहार राज्य फसल सहायता योजना और PMFBY यानी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करती हैं.

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PM Fasal Bima Yojana

PM Fasal Bima Yojana: इस साल बेमौसम हो रही बारिश ने सभी को परेशान कर दिया है. इसका असर खेती पर भी दिख रहा है. बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि की वजह से फसलों का भारी नुकसान हुआ है. ऐसे में किसानों का भारी नुकसान हुआ है. अब किसानों को सरकार से नुकसान की भरपाई की उम्मीद है. अगर, आपकी फसल भी खराब हो गई है और सरकार से नुकसान की भरपाई चाहते हैं तो आपको BRFSY और PMFBY के तहत कुछ मदद मिल सकती है, लेकिन BRFSY और PMFBY का लाभ उठाने के लिए आपको कुछ जरूरी काम करने आवश्यक हैं. चलिए आपको बताते हैं BRFSY और PMFBY के तहत कैसे मदद मिल सकती है.

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दरअसल, BRFSY यानी बिहार राज्य फसल सहायता योजना और PMFBY यानी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करती हैं. PMFBY एक केंद्रीय, प्रीमियम-आधारित योजना है, जो 50+ फसलों को कवर करती है. BRFSY बिहार सरकार की सहायता योजना है, जो गैर-ऋणी किसानों के लिए विशेष है, जिसमें प्रीमियम के बजाय सीधे सहायता राशि दी जाती है.

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY)

  • उद्देश्य- खरीफ और रबी फसलों के लिए कम प्रीमियम पर बीमा कवर प्रदान करना
  • प्रीमियम- खरीफ के लिए 2%, रबी के लिए 1.5% और वाणिज्यिक या बागवानी फसलों के लिए 5% (अधिकतम) मदद करना
  • लाभ- बुवाई से लेकर कटाई के बाद तक के नुकसान जैसे- सूखा, बाढ़ और ओलावृष्टि की भरपाई करना
  • आवेदन- NCIP पोर्टल (नेशनल क्रॉप इंश्योरेंस पोर्टल), Crop Insurance App, या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से
बिहार राज्य फसल सहायता योजना (BRFSY)
  • उद्देश्य- बिहार के किसानों को फसल क्षति पर वित्तीय सहायता देना
  • विशेषता- इसमें प्रीमियम की आवश्यकता नहीं होती, यह एक "सहायता" योजना है, न कि बीमा
  • पात्रता- रैयत (भूमि मालिक) और गैर-रैयत (बटाईदार) किसान, जो बिहार ई-सहकारी पोर्टल पर पंजीकृत हों
  • सहायता राशि- फसल क्षति के आधार पर (7500 रु हेक्टेयर से 10,000 रु हेक्टेयर तक)
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