NEET UG Paper Leak: NEET पेपर लीक मामले में CBI ने पुणे से मनिषा वाघमारे को गिरफ्तार किया है. मनिषा वाघमारे को पहले पुणे पुलिस ने हिरासत में लिया था, जिसके बाद CBI ने शुक्रवार को उसे औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया. जांच में सामने आया है कि पुणे के सुख सागर नगर में रहने वाली मनिषा वाघमारे ब्यूटी पार्लर चलाती थी, लेकिन पिछले दो वर्षों से वह कथित तौर पर NEET पेपर लीक रैकेट में मध्यस्थ की भूमिका निभा रही थी.
पुलिस के मुताबिक, मनिषा वाघमारे छात्रों और उनके अभिभावकों से संपर्क करती थी और उन्हें धनंजय लोखंडे से जोड़ती थी. वह NEET परीक्षा देने वाले छात्रों को तलाशकर उनसे पैसे लेती थी और फिर उन्हें इस नेटवर्क तक पहुंचाती थी. इसके बदले में उसे कमीशन मिलता था.
मोबाइल और लैपटॉप जब्त
जांच एजेंसियों ने मनिषा वाघमारे के मोबाइल फोन और लैपटॉप भी जब्त किए हैं. पुलिस को उसके और धनंजय लोखंडे के बीच व्हॉट्सअप चैट मिले हैं, जिनमें कथित तौर पर NEET पेपर लीक को लेकर बातचीत हुई थी. यह चैट अब जांच का अहम हिस्सा बन चुकी हैं.
ऐसे नेटवर्क से जुड़ी मनिषा वाघमारे
CBI की जांच में यह भी सामने आया है कि करीब दो साल पहले मनिषा वाघमारे ने सोशल मीडिया पर ऐसे विज्ञापन देखे थे, जिनमें प्रतियोगी परीक्षाओं में पास कराने का दावा किया गया था. अपनी बेटी को पास कराने की उम्मीद में उसने उन लोगों से संपर्क किया, लेकिन कथित तौर पर उसके लाखों रुपये ठग लिए गए. बाद में वह खुद इसी नेटवर्क का हिस्सा बन गई और अन्य छात्रों व अभिभावकों को इस रैकेट से जोड़ने लगी. फिलहाल एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क के अन्य सदस्यों और राज्यों में फैले इसके कनेक्शन की जांच कर रही हैं.
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