Amravati Leopard Rescue Video: महाराष्ट्र के अमरावती में एक तेंदुए को पकड़ने का ऑपरेशन उस वक्त बेहद खतरनाक और नाटकीय हो गया, जब रेस्क्यू के दौरान तेंदुआ अचानक टीम पर ही कूद पड़ा. करीब तीन घंटे तक चले इस हाई-वोल्टेज ऑपरेशन में अफरा-तफरी, डर और हड़कंप का माहौल बना रहा. हालांकि, लंबी मशक्कत के बाद वन विभाग की टीम ने आखिरकार तेंदुए को सुरक्षित पकड़ने में सफलता हासिल कर ली.
रिहायशी इलाके में घुसने से फैली दहशत
दरअसल, अमरावती के रामापुरी (रामपुरी) कैंप इलाके में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक तेंदुआ अचानक घुस आया. शुरुआती जानकारी में सामने आया कि तेंदुआ एक बंद दुकान के अंदर छिपा हुआ है. घनी आबादी वाले इलाके में तेंदुए की मौजूदगी की खबर फैलते ही लोग डर के साए में आ गए.
घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए. तेंदुए को देखने के लिए उमड़ी भीड़ ने हालात को और मुश्किल बना दिया. पुलिस और वन विभाग की टीम को भीड़ नियंत्रित करने में काफी कठिनाई हुई, जिससे रेस्क्यू ऑपरेशन प्रभावित होता रहा.
रेस्क्यू के दौरान तेंदुए ने किया हमला
ऑपरेशन के दौरान एक वक्त ऐसा आया जब तेंदुआ अचानक बाहर निकला और सीधे वन विभाग की टीम पर छलांग लगा दी. यह नजारा बेहद डरावना था. तेंदुए के हमले के बाद वहां मौजूद लोगों में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और कुछ देर के लिए पूरा ऑपरेशन ही असंतुलित हो गया.
तीन घंटे तक चला हाई-वोल्टेज ऑपरेशन
करीब तीन घंटे तक वन विभाग और पुलिस की टीम तेंदुए को काबू में करने का प्रयास करती रही. तेंदुआ लगातार अपनी जगह बदलता रहा और पकड़ में नहीं आ रहा था. हर पल स्थिति बदल रही थी, जिससे ऑपरेशन और चुनौतीपूर्ण हो गया. आखिरकार वन विभाग के विशेषज्ञों ने धैर्य और समझदारी के साथ रणनीति बदली और तेंदुए को धीरे-धीरे घेरकर पिंजरे में कैद कर लिया. इसके बाद मौके पर मौजूद सभी लोगों ने राहत की सांस ली.
अधिकारी भी मौके पर पहुंचे
घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे. अमरावती के महापौर श्रीचंद तेजवानी और अन्य अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए रहे और रेस्क्यू टीम का सहयोग करते रहे. रेस्क्यू पूरा होने के बाद तेंदुए को सुरक्षित वन विभाग की गाड़ी में रखकर ले जाया गया. इस कार्रवाई से एक बड़ी अनहोनी टल गई, वरना भीड़ और तेंदुए के बीच कोई बड़ा हादसा हो सकता था.














