PM Kisan 22nd Installment: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM Kisan Samman Nidhi Yojana) की 22वीं किस्त जारी (22nd Installment of PM Kisan Scheme Released) होते ही छत्तीसगढ़ के लाखों किसानों (PM Kisan Beneficiaries) के खातों में सीधे पैसा पहुंच गया. राज्य के 24 लाख 71 हजार किसानों को इस किस्त में कुल 498.83 करोड़ रुपये मिले हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने असम की राजधानी गुवाहाटी से किस्त जारी की. इस दौरान देशभर के 9 करोड़ से ज्यादा किसानों के खातों में करीब 18 हजार 640 करोड़ रुपये सीधे ट्रांसफर किए गए.
रायपुर में कार्यक्रम; CM ने कहा- किसानों के लिए अहम दिन
राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में पीएम किसान निधि राशि अंतरण और पीएम किसान उत्सव दिवस का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि यह दिन प्रदेश के किसान भाइयों और बहनों के लिए खास है. उन्होंने बताया कि पीएम किसान योजना के तहत किसानों को हर साल तीन किस्तों में कुल 6 हजार रुपये की आर्थिक मदद मिलती है, जो उनके परिश्रम और योगदान का सम्मान है.
अब तक 11,283 करोड़ रुपये मिल चुके हैं छत्तीसगढ़ के किसानों को
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के किसानों को अब तक पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत 11 हजार 283 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि मिल चुकी है. उन्होंने बताया कि राज्य सरकार किसानों के हितों को सबसे ऊपर रख रही है. सरकार बनने के बाद सबसे पहले किसानों को बोनस दिया गया. 13 लाख किसानों के खातों में 3 हजार 716 करोड़ रुपये सीधे भेजे गए.
धान खरीदी में छत्तीसगढ़ देश में आगे : CM
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है, जहां प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी की जा रही है और 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान हो रहा है. समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के 48 घंटे के भीतर किसानों के खातों में पैसा पहुंचाया जा रहा है. इसके साथ ही कृषक उन्नति योजना के तहत 25 लाख से ज्यादा किसानों को होली से पहले 10 हजार 324 करोड़ रुपये दिए गए.
PM Kisan 22nd Installment: छत्तीसगढ़ के अन्नदाताओं को मिली सौगात
'फसल विविधता और सिंचाई पर सरकार का फोकस'
सीएम ने कहा सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए धान के साथ-साथ दलहन, तिलहन, मक्का, कोदो-कुटकी, रागी और कपास जैसी फसलों को भी बढ़ावा दे रही है. सिंचाई के लिए कृषि पंपों को मुफ्त बिजली दी जा रही है, जिसके लिए इस साल के बजट में 5 हजार 500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है. जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए 40 करोड़ रुपये रखे गए हैं. किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाने के लिए दो साल में 10 हजार करोड़ रुपये की सिंचाई परियोजनाएं भी शुरू की गई हैं.
PM Kisan 22nd Installment: छत्तीसगढ़ के किसानों को मिली 22वीं किस्त
अन्य फसलों की खेती से बढ़ेगी आय: कृषि मंत्री
कार्यक्रम में कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना किसानों के लिए बड़ी मदद साबित हो रही है. उन्होंने किसानों से अपील की कि धान के साथ-साथ दूसरी फसलों की खेती भी करें, इससे पानी की बचत होगी और आमदनी बढ़ेगी.
एक क्लिक में करोड़ों किसानों तक पहुंचा पैसा : पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि करोड़ों किसानों को पहले ही संदेश मिल चुके हैं, जिससे उनके खातों में पीएम किसान निधि जमा होने की जानकारी मिली है. उन्होंने इस योजना को असाधारण बताया. प्रधानमंत्री ने कहा कि ये वही किसान हैं, जिनके पास 2014 से पहले न मोबाइल फोन था और न बैंक खाता. अब तक ऐसे किसानों के खातों में 4.25 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा भेजे जा चुके हैं. अकेले असम में ही करीब 19 लाख किसानों को लगभग 8,000 करोड़ रुपये मिल चुके हैं. उन्होंने कहा कि एक क्लिक से करोड़ों किसानों तक पैसा पहुंचाना दुनिया के कई विकसित देशों के लिए भी आसान नहीं है.
छोटे किसानों के लिए सुरक्षा कवच बनी योजना : प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री ने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना आज छोटे किसानों के लिए सामाजिक सुरक्षा का सहारा बन चुकी है. सरकार के लिए किसानों का कल्याण सबसे अहम है. उन्होंने बताया कि पिछले 10 साल में किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य के रूप में 20 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा दिए गए हैं.
‘महंगे खाद संकट में किसानों को राहत'
प्रधानमंत्री ने कहा कि बीते 11 वर्षों में सरकार ने किसानों के चारों ओर मजबूत सुरक्षा व्यवस्था खड़ी की है. एमएसपी, सस्ते कर्ज, फसल बीमा और पीएम किसान जैसी योजनाओं ने किसानों को मुश्किल समय में सहारा दिया. उन्होंने बताया कि कोविड और वैश्विक युद्धों के कारण खाद की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार में बहुत बढ़ गई थीं. इसके बावजूद सरकार ने किसानों को यूरिया की बोरी सिर्फ 300 रुपये में दी, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब 3,000 रुपये थी. प्रधानमंत्री ने कहा कि इसके लिए सरकार ने अपने खजाने से 12 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च किए.
'नई तकनीक से जुड़ रही खेती'
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार खेती को नई तकनीक से जोड़ रही है. ‘हर बूंद, ज्यादा फसल' नीति के तहत ड्रिप और स्प्रिंकलर जैसी माइक्रो इरिगेशन तकनीक किसानों तक पहुंचाई गई है, जिससे सिंचाई बेहतर हुई और लागत घटी. उन्होंने बताया कि सोलर पंप के जरिए किसान अब डीजल पर होने वाला खर्च कम कर रहे हैं. कुसुम योजना के तहत कई किसान न सिर्फ सिंचाई कर रहे हैं, बल्कि बिजली बनाकर उससे कमाई भी कर रहे हैं.
उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के लिए दिन-रात काम कर रही है और देश को आत्मनिर्भर बना रही है. आज भारत न सिर्फ अपनी ऊर्जा जरूरतें पूरी कर रहा है, बल्कि दुनिया की जरूरतें पूरी करने की क्षमता भी रखता है.
क्या है पीएम किसान सम्मान निधि योजना?
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत 24 फरवरी 2019 को की गई थी. इस योजना के तहत पात्र किसानों को हर साल 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है. यह राशि तीन बराबर किस्तों में दी जाती है, यानी हर चार महीने में किसानों को 2,000 रुपये मिलते हैं. अब तक सरकार किसानों को 22 किस्तें जारी कर चुकी है.
कैसे देखें कि पैसा आया या नहीं?
PM Kisan पोर्टल पर जाएं.'Beneficiary Status' ऑप्शन चुनें. आधार नंबर, बैंक खाता नंबर या मोबाइल नंबर दर्ज करें. 'Get Data' पर क्लिक करें.इतना करते ही आपको तुरंत पता चल जाएगा कि आपके खाते में किस्त आई है या नहीं.
पीएम किसान की Beneficiary List में कैसे चेक करें नाम?
- पीएम किसान के ऑफिशियल पोर्टल pmkisan.gov.in पर जाएं.
- यहां आपको Beneficiary List पर क्लिक करना है.
- अब अपने राज्य, जिले, उप जिले, ब्लॉक और गांव का चयन करें.
- सर्च बटन पर क्लिक करने के बाद पूरे गांव की लिस्ट खुल जाएगी
पीएम किसान सम्मान निधि योजना हेल्पलाइन नंबर
अगर आपके खाते में पैसा नहीं आता है, तो आप योजना के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं. किसान 155261 या 011-24300606 पर कॉल करके अपनी समस्या बता सकते हैं. यह हेल्पलाइन कार्य दिवसों में सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक उपलब्ध रहती है.
पीएम किसान के लिए नया रजिस्ट्रेशन कैसे करें?
अगर आपको प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिल रहा है तो आप रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं. इसके लिए ऑफिशियल पोर्टल pmkisan.gov.in पर जाएं. यहां New Farmer Registration ऑप्शन पर क्लिक करें. इसके बाद आधार नंबर, मोबाइल नंबर और राज्य समेत अन्य मांगी गई जरूरी डिटेल्स भर दें.
लाभ पाने के लिए जरूरी शर्तें
- बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) की सुविधा चालू होनी चाहिए.
- किसान का आधार कार्ड बैंक खाते से लिंक होना चाहिए.
- e-KYC पूरी होना जरूरी है.
- जमीन का रिकॉर्ड सरकारी दस्तावेजों में दर्ज होना चाहिए.
बिना e-KYC के खाते में नहीं आएंगे 2000 रुपये, जानें कैसे करें
किसानों की सुविधा के लिए सरकार ने एक फेस रिकग्निशन आधारित मोबाइल ऐप भी शुरू किया है. इसकी मदद से किसान बिना OTP या बायोमेट्रिक मशीन के भी घर बैठे अपना e-KYC पूरा कर सकते हैं. इसके अलावा नजदीकी CSC सेंटर या किसान सेवा केंद्रपर जाकर भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है.
यह भी पढ़ें : PM Kisan की 22वीं किस्त; छत्तीसगढ़ के 24.71 लाख से अधिक किसानों को 498.83 करोड़ रुपये की सौगात
यह भी पढ़ें : PM Kisan Yojana: 13 मार्च को पीएम किसान की 22वीं किस्त; करोड़ों अन्नदाताओं को दो-दो हजार, ऐसे चेक करें लिस्ट
यह भी पढ़ें : लाड़ली बहना योजना की 34वीं किस्त जारी; CM मोहन यादव ने 1836 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए, घाटीगांव से मिली सौगातें
यह भी पढ़ें : Vidisha Woman Murder: शादी में आई महिला की गला घोंटकर हत्या, विदिशा में पुल पर शव मिलने से सनसनी














