Gwalior Theft Gang Busted: मध्य प्रदेश के ग्वालियर पुलिस ने ई-रिक्शा, बस और ऑटो में महिलाओं को निशाना बनाकर चोरी करने वाली अंतरराज्यीय गैंग का पर्दाफाश किया है. इस गैंग में राजस्थान, दिल्ली और आगरा की विधवा और मजबूर महिलाओं को शामिल किया गया था. पुलिस ने गैंग के सरगना समेत 11 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिसमें 8 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल हैं. पुलिस के मुताबिक, इस गैंग को मुरैना के चाचा-भतीजे चला रहे थे.
चोर गैंग तक ऐसे पहुंची पुलिस
पुलिस को ग्वालियर रेंज में लगातार हो रही ई-रिक्शा और ऑटो में चोरी की वारदातों की शिकायत मिल रही थी. इस बीच डबरा में एक महिला यात्री के पर्स से गहने और नगदी चोरी हो गई, जिसकी शिकायत पुलिस से की. इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की और CCTV फुटेज खंगालने में जुट गई. फुटेज के जरिए पुलिस डबरा बस स्टैंड पहुंची. वहां संदिग्ध दो महिलाओं को फरियादी ने पहचान लिया. पुलिस ने दोनों महिलाओं को हिरासत में लेकर पूछताछ की और उनके मोबाइल की जांच की. मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस ने बानमोर और मुरैना में दबिश दी. इस दौरान गैंग के सरगना सोनू, ललित, गुड्डू आदिवासी समेत 11 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया.
मुरैना के चाचा-भतीजे कर रहे थे गैंग का लीड
पूछताछ में सामने आया कि गैंग को मुरैना के चाचा-भतीजे संचालित कर रहे थे. सरगना ने बानमोर में एक मकान किराए पर ले रखा था. वहीं गैंग की महिलाओं को रखा जाता था. गैंग में राजस्थान, दिल्ली और आगरा की विधवा व आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को शामिल किया गया था.
इन महिलाओं को रोजाना ग्वालियर, शिवपुरी, श्योपुर, दतिया, आगरा और दिल्ली तक वारदात के लिए भेजा जाता था, जो बेहद शातिर तरीके से वारदात को अंजाम देती थीं. ये ई-रिक्शा, बस या ऑटो में टारगेट महिला यात्री के आसपास बैठ जाती थीं. वाहन में गड्ढा आने पर जब झटका लगता, उसी दौरान ये महिलाएं होशियारी से यात्री के बैग या पर्स से गहने और नकदी पार कर देती थीं. वारदात को अंजाम देने के तुरंत बाद अगले स्टॉपेज पर उतर जाती थीं और गैंग की दूसरी महिलाओं को थमाकर फरार हो जाती थी.
आगर, दिल्ली में भी वारदात को दिया अंजाम
पुलिस ने बताया कि गैंग की अधिकांश महिलाएं आदिवासी हैं, लेकिन सरगना के कहने पर वो अपनी पहचान 'वाबरिया' या 'मोंगिया' बताती थीं. ऐसा पुलिस को गुमराह करने के लिए किया जाता था. गैंग की लोकेशन और CCTV फुटेज ग्वालियर के हजीरा, गोला का मंदिर, मुरार, लश्कर क्षेत्र में 17, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, आगरा और दिल्ली में भी वारदात को अंजाम देती थी.
फिलहाल पुलिस सरगना और महिलाओं से तीन दिन की रिमांड पर पूछताछ कर रही है. चोरी के गहने कहां खपाए, इसके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सार्वजनिक वाहनों में सफर के दौरान अपने बैग-पर्स का विशेष ध्यान रखें और संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें.
गैंग के पकड़े गए मुख्य आरोपी
- वकीला उर्फ सोनू - सरगना
- ललित उर्फ सोनू
- गुड्डू आदिवासी
- 8 महिलाएं - नामों का खुलासा पूछताछ के बाद किया जाएगा.
11 लोग गिरफ्तार
ग्वालियर SSP धर्मवीर सिंह ने बताया कि बस में चोरी की शिकायत पर फुटेज चेक किए. फरियादी ने स्टैंड पर दो महिलाओं को पहचाना. उनसे पूछताछ और मोबाइल जांच के बाद पूरे गैंग तक पहुंचे. सरगना सहित 11 लोगों को गिरफ्तार किया है. तीन दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रहे हैं. ई-रिक्शा व ऑटो में महिलाओं का सामान चोरी करने वाली बड़ी गैंग को पुलिस ने पकड़ा है. इन महिलाओं के ग्वालियर सहित शिवपुरी, श्योपुर, दतिया, मुरैना, आगरा और दिल्ली में घटनाओं को अंजाम देने की जानकारी मिली है. डबरा की दो घटनाओं का खुलासा हो गया है. अन्य घटनाओं के संबंध में पूछताछ की जा रही है.
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