बच्चे को प्ले स्कूल में कब भेजना चाहिए? पीडियाट्रिशियन ने बताया बच्चे को स्कूल भेजने की सही उम्र क्या है

What is the right age for preschool: कई लोग सोचते हैं कि बच्चे को जितनी जल्दी स्कूल भेजेंगे, वो उतना स्मार्ट बनेगा. लेकिन क्या वाकई ऐसा है? आइए जानते हैं एक्सपर्ट से-

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
बच्चे को स्कूल भेजने की सही उम्र क्या है?

What is the right age for preschool: आजकल ज्यादातर माता-पिता इस बात को लेकर कन्फ्यूज रहते हैं कि बच्चे को प्ले स्कूल में कब भेजना सही रहेगा. कई लोग सोचते हैं कि जितनी जल्दी स्कूल भेजेंगे, बच्चा उतना स्मार्ट बनेगा. लेकिन क्या वाकई ऐसा है? इस सवाल का आसान और सही जवाब दिया है पीडियाट्रिशियन निमिशा अरोड़ा ने. बच्चों की डॉक्टर ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर किया है. आइए जानते हैं इस वीडियो में डॉक्टर ने क्या जानकारी दी है. 

क्या नाश्ते में अंडे खाने चाहिए, Egg खाने से वजन बढ़ता है या घटता है? AIIMS के डॉक्टर ने दिए अंडे से जुड़े 9 सवालों के जवाब

बच्चे को प्ले स्कूल में कब भेजना चाहिए?

डॉक्टर निमिशा अरोड़ा बताती हैं, ज्यादातर बच्चों के लिए 3 साल की उम्र प्ले स्कूल शुरू करने के लिए सबसे बेहतर मानी जाती है. इस उम्र तक बच्चा थोड़ा समझदार हो जाता है, अपने माता-पिता से कुछ समय के लिए अलग रह सकता है और नए माहौल को अपनाने की क्षमता विकसित करने लगता है.

हर बच्चा अलग होता है. कुछ बच्चे 2.5 साल में ही तैयार दिखते हैं, जबकि कुछ को 3.5 या 4 साल तक घर का माहौल ज्यादा सूट करता है. इसलिए सिर्फ समाज या रिश्तेदारों के दबाव में आकर बच्चे को जल्दी स्कूल भेजना सही नहीं है.

खुशी और सफलता की चाबी हैं भगवद गीता के ये 5 मंत्र, इन्हें जानकर जीत जाएंगे हर जंग, सारी चिंता हो जाएंगी दूर

क्या जल्दी स्कूल भेजने से बच्चा ज्यादा स्मार्ट बनता है?

इस सवाल का जवाब देते हुए डॉक्टर कहती हैं, नहीं. अर्ली स्कूलिंग का मतलब स्मार्ट बच्चा नहीं होता है. पढ़ाई से ज्यादा जरूरी है कि बच्चा बचपन में खेले, सवाल पूछे, कहानियां सुने और अपने माता-पिता के साथ समय बिताए. यही चीजें बच्चे के दिमागी और भावनात्मक विकास में मदद करती हैं.

Advertisement

ऐसे में प्ले स्कूल भेजने का फैसला बच्चे की उम्र से ज्यादा उसकी तैयारी देखकर लेना चाहिए. आमतौर पर 3 साल की उम्र सही मानी जाती है, लेकिन सबसे जरूरी बात यह है कि बच्चा खुश, सुरक्षित और आत्मविश्वासी महसूस करे. अगर बच्चा प्ले स्कूल जाने के लिए भावनात्मक रूप से तैयार नहीं है, तो उसे डर, रोना, एंग्जायटी और असुरक्षा महसूस हो सकती है. एक खुश और सुरक्षित बच्चा ही सबसे अच्छा सीखता है. जब बच्चा खुद को सुरक्षित महसूस करता है, तभी वह खेलते हुए नई चीजें सीख पाता है.

Advertisement

यह भी पढ़ें: बच्चा बिस्तर से गिर जाए तो क्या करें? पीडियाट्रिशियन ने बताया पैरेंट्स को पहले क्या करना चाहिए

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.

Featured Video Of The Day
Rohini Manhole Death: पहले जनकपुरी अब रोहिणी, मेनहोल में गिरकर एक युवक की मौत | BREAKING NEWS
Topics mentioned in this article