Supreme Court Verdict on JE Vacancy: जूनियर इंजीनियर (JE) एग्जाम की तैयारी करने वाले डिप्लोमाहोल्डर युवाओं के लिए देश की सबसे बड़ी अदालत यानी सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) से एक ऐसी खबर आई है, जिसे सुनकर वो सभी खुशी से झूम उठेंगे. कोर्ट ने साफ कर दिया है कि जूनियर इंजीनियर बनने के लिए डिप्लोमा ही काफी है, यहां डिग्री वालों का दावा नहीं चलेगा. अगर आप भी इंजीनियरिंग के छात्र हैं और सरकारी नौकरी का सपना देख रहे हैं, तो यह फैसला आपके करियर की दिशा बदल सकता है. आइए समझते हैं कि पूरा मामला क्या है और इससे आपके करियर पर क्या असर पड़ेगा.
क्या है पूरा मामला
यह पूरा मामला उत्तर प्रदेश से जुड़ा है. यूपी अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने 4,612 जूनियर इंजीनियर (JE) पदों के लिए एक बड़ी भर्ती निकाली थी. आयोग ने विज्ञापन में साफ लिखा था कि इन पदों के लिए सिर्फ डिप्लोमा पास स्टूडेंट्स ही अप्लाई कर सकते हैं. बीटेक (Degree) वाले छात्रों को यह बात पसंद नहीं आई. उन्होंने विज्ञापन को कोर्ट में चुनौती दे दी कि हमें भी मौका मिलना चाहिए. 20 अप्रैल 2026 को लखनऊ हाईकोर्ट ने डिग्री धारकों की मांग को खारिज करते हुए कहा कि डिप्लोमा और डिग्री को एक समान नहीं माना जा सकता.
-
कंपनी को बचाने में खो दिया परिवार का बड़ा हिस्सा, रेमंड ग्रुप के चेयरमैन गौतम सिंघानिया ने बयां किया दर्द -
'2022 के संकट में भारत हमारे साथ खड़ा रहा'- NDTV World Summit में बोले श्रीलंका के मंत्री चतुरंगा अबेसिंघे -
NDTV World Summit 2026: महंगे तेल का कारोबार पर कितना असर? गौतम सिंघानिया ने बताया -
विदेश में 2-3 दिन बाद क्यों याद आने लगता है घर का खाना? संयुक्ता नायर ने बताई दिलचस्प वजह -
EU-इंडिया ट्रेड डील ट्रैक पर, साल के अंत तक मुहर मुमकिन-NDTV WORLD Summit में बोले EU राजदूत -
NDTV वर्ल्ड समिट 2026 | भारतीय एविएशन को नई ताकत, GE Aerospace अगले 9–10 साल में देगा 3,200 इंजन -
NDTV World Summit 2026: जर्मनी, इटली और यूरोपीय यूनियन के राजदूत ने क्या कुछ कहा -
AI से नहीं खत्म होंगी नौकरियां! टेक दिग्गज Andrew Ng ने बताया क्यों बेवजह है ‘Job Apocalypse’ का डर -
AI नहीं खा सकता आपकी नौकरी, बस करना होगा ये काम, टेक दिग्गज Andrew Ng ने किया दावा -
NDTV World Summit 2026:निखिल कामत ने देश की तरक्की के लिए बताया फॉर्मूला, राज्यों के CM के बीच हो CEO जैसी रेस
सुप्रीम कोर्ट की आखिरी मुहर
डिग्री वाले छात्र इस फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंच गए, लेकिन सर्वोच्च न्यायालय ने ग्रेजुएट इंजीनियरिंग स्टूडेंट वेलफेयर एसोसिएशन की याचिका को खारिज कर दिया और हाईकोर्ट के फैसले को ही सही माना. यानी अब जेई भर्ती में सिर्फ और सिर्फ डिप्लोमा वाले ही रेस में रहेंगे.
डिप्लोमा वाले छात्रों के करियर पर इस फैसले का क्या असर पड़ेगा
1. कंपटीशन हाफ, सिलेक्शन का चांस बढ़ा
पहले आपको उन छात्रों से भी मुकाबला करना पड़ता था, जिन्होंने 4 साल बीटेक किया है और जिनके पास ज्यादा थ्योरिटिकल नॉलेज होती है. अब वो रेस से बाहर हैं. अब आपका मुकाबला सिर्फ अपने जैसे डिप्लोमा वाले दोस्तों से है.
2. 4612 पदों पर भर्ती का रास्ता बिल्कुल साफ
यूपी में जून 2024 से चल रही 4,612 पदों की भर्ती अब बिना किसी कानूनी रुकावट के आगे बढ़ेगी. इसकी लिखित परीक्षा भी 3 मई 2026 को हो चुकी है. यानी अब बहुत जल्द रिजल्ट और जॉइनिंग का रास्ता साफ होने वाला है.
3. आगे की भर्तियों में झंझट खत्म
अदालत ने यह फैसला पहली बार नहीं दिया है. इससे पहले साल 2016 और 2018 में भी कोर्ट ने डिप्लोमा धारकों के हक में ही फैसला सुनाया था. अब इस नए फैसले से यह नियम हमेशा के लिए पक्का हो गया है कि जूनियर इंजीनियर की पोस्ट पर पहला और असली हक डिप्लोमा वालों का ही है.
डिप्लोमा इंजीनियर्स आगे क्या कर सकते हैं
1. PWD और अन्य सरकारी विभागों पर फोकस बढ़ाएं
करियर काउंसलर्स और एक्सपर्ट्स का कहना है कि उत्तर प्रदेश डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ की कोशिशों से यह जीत मिली है. इसका मतलब है कि आने वाले समय में पीडब्ल्यूडी, बिजली विभाग और जल निगम में सिर्फ डिप्लोमा वालों के लिए बंपर वैकेंसीज आएंगी.
2. सिलेबस के अनुसार तैयारी
एक्सपर्ट्स का कहना है कि अब आपको बीटेक लेवल के टफ क्वेश्चंस देखकर डरने की जरूरत नहीं है. अपने डिप्लोमा के कोर टेक्निकल सिलेबस पर मजबूत पकड़ बनाएं. इससे सेलेक्शन पाने में ज्यादा परेशानी नहीं आएंगी.
आंसर शीट चैलेंज करने से पहले देखें CBSE का ये वीडियो, री-इवैल्यूएशन का स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं