सेना के काफिले पर हमले के बाद पुंछ में आतंकवादियों का पता लगाने के लिए तलाशी अभियान जारी

सेना के वाहनों पर इसी तरह का हमला 21 दिसंबर को पुंछ के डेरा की गली इलाके में धत्या मोड़ पर हुआ था. हमले में सेना के चार जवान शहीद हो गए थे.

विज्ञापन
Read Time: 10 mins
जम्मू:

जम्मू कश्मीर के पुंछ जिले में उन आतंकवादियों का पता लगाने के लिए शनिवार को घेराबंदी और तलाशी अभियान चलाया जा रहा है, जिन्होंने एक दिन पहले सेना के काफिले में शामिल वाहनों पर गोलीबारी की थी. यह जानकारी अधिकारियों ने दी.
शुक्रवार को काफिले पर हुए इस हमले में कोई हताहत नहीं हुआ था.

अधिकारियों ने बताया कि घने जंगल वाले इलाके की तलाशी के लिए जवान स्वान दस्तों और हवाई निगरानी का इस्तेमाल कर रहे हैं. एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि हमलावरों को पकड़ने के लिए घेराबंदी और तलाशी अभियान चलाया जा रहा है.

शुक्रवार शाम पुंछ सेक्टर में कृष्णा घाटी के पास जिन वाहनों पर हमला हुआ, वे सुरक्षाकर्मियों को एक शिविर में वापस ले जा रहे थे. अधिकारियों ने बताया कि हमले में कोई घायल नहीं हुआ और कमांडिंग ऑफिसर के साथ-साथ सेना के अन्य जवान सुरक्षित हैं.

सेना के वाहनों पर इसी तरह का हमला 21 दिसंबर को पुंछ के डेरा की गली इलाके में धत्या मोड़ पर हुआ था. हमले में सेना के चार जवान शहीद हो गए थे.

अधिकारियों ने कहा कि राजौरी और पुंछ जिलों में हाल के दिनों में सेना और नागरिकों पर आतंकवादियों द्वारा लक्षित हमले किये गए हैं.

Advertisement

वर्ष 2023 में राजौरी और पुंछ में चार आतंकवादी हमलों में उन्नीस सैनिक शहीद हो गए. सुरक्षा बलों ने पिछले साल दो जिलों में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के साथ ही भीतरी इलाकों में 30 से अधिक आतंकवादियों को मार गिराया.

ये भी पढ़ें- "उल्लंघन, स्वीकार नहीं...": भारत ने ब्रिटिश उच्चायुक्त की PoK यात्रा पर जताया कड़ा विरोध

ये भी पढ़ें-  बीआरएस नेताओं और आलाकमान में पार्टी का नाम टीआरएस करने को लेकर मांग बढ़ी

(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
Featured Video Of The Day
US Pilot Rescue in Iran: दुश्मन की जमीन से जिंदा वापसी कैसे हुई, Trump बोले- सबसे Daring Operation
Topics mentioned in this article