- भारत के 17 शहरों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज हुआ, सबसे गर्म शहर राजस्थान का बाड़मेर रहा
- राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात में गर्मी का संकट सबसे गंभीर स्तर पर है और तापमान अधिकतम है
- अगले कुछ दिनों में पश्चिमी राजस्थान, मध्य भारत, गुजरात और महाराष्ट्र में हीटवेव जारी रहने की संभावना है
भारत तप रहा है. इस वक्त दुनिया में सबसे ज्यादा गर्म इलाका भारत का ही है. गर्मी इतनी बढ़ रही है कि कई शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस को पार कर गया है. प्रचंड गर्मी से भारत किस हद तक तप रहा है? इस बात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि दुनिया के सबसे गर्म शहरों में भारतीय शहरों की संख्या सबसे ज्यादा है.
मौसम विभाग के मुताबिक, देश के 17 शहरों में गर्मी का संकट गहरा गया है. मंगलवार को देश के 17 शहरों में पारा 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया. लगातार तीसरे दिन सबसे ज्यादा तापमान राजस्थान के बाड़मेर में दर्ज किया गया. बाड़मेर में मंगलवार को अधिकतम तापमान 48.3 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया.
मौसम विभाग ने बताया कि मंगलवार को 46.5 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान के साथ मध्यप्रदेश का रतलाम शहर दूसरा सबसे गर्म शहर रहा, जबकि तीसरे नंबर पर रहे जैसलमेर में 45.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया.
गर्मी की आग में कौन-कौन जल रहा?
अगर देश का नक्शा देखें तो एक बहुत बड़ा इलाका लाल रंग में नजर आता है, जो दिखाता है कि भारत किस हद तक तप रहा है. हालांकि, चार राज्य- राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात गर्मी का सबसे ज्यादा कहर झेल रहे हैं.
जबकि, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा, तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, रायलसीमा, कर्नाटक, कोंकण और गोवा, तेलंगाना, पूर्वी मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान 34 से 42 डिग्री के बीच रिकॉर्ड किया जा रहा है.
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हीटवेव लेकिन साथ में बारिश की खुशखबरी भी
मौसम विभाग का कहना है कि अगले 6-7 दिनों में पश्चिमी राजस्थान के कुछ इलाकों और कुछ अलग-थलग इलाकों में भयानक हीटवेव चलने की संभावना है. पूर्वी राजस्थान और उससे सटे मध्य भारत, गुजरात और महाराष्ट्र में भी अगले 4-5 दिनों के दौरान अलग-अलग जगहों पर हीटवेव चलने के आसार हैं.
फिलहाल अच्छी बात ये है कि दक्षिण बंगाल की खाड़ी, अंडमान सागर और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह के कुछ हिस्सों में इस हफ्ते के आखिर तक दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगमन के लिए परिस्थितियां अनुकूल हो रही हैं.
अगले 4-5 दिनों के दौरान तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल, केरल और माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी अलग-अलग जगहों पर भारी वर्षा होने की संभावना है.
लेकिन चिंता बढ़ाती है ये रिपोर्ट
Aqi.in की रिपोर्ट बताती है कि 27 अप्रैल को दुनिया के 50 सबसे गर्म शहरों में सभी भारतीय शहर शामिल थे. यानी भारत के अलावा और कोई देश ऐसा नहीं था, जहां इतनी जबरदस्त गर्मी पड़ी हो. उस दिन इन 50 शहरों में अधिकतम तापमान औसतन 44.7 डिग्री सेल्सियस था.
आज के दिन यानी 12 मई की रात 10:35 बजे तक 100 सबसे गर्म शहरों में 74 भारत के हैं. जबकि, 50 सबसे गर्म शहरों में 27 भारतीय हैं. ये वे शहर हैं जहां पारा 35 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा है.
अब ये बात इसलिए डराने वाली है, क्योंकि इतनी गर्मी अच्छे-खासे स्वस्थ व्यक्ति को भी बीमार कर सकती है. यह एक तरह से 'हेल्थ इमरजेंसी' है. इंसानी शरीर का औसत तापमान 37 डिग्री सेल्सियस होता है. अगर शहरों में इससे ज्यादा तापमान पहुंचता है तो हीट स्ट्रोक या गर्मी से जुड़ी बीमारियां हो सकती हैं. बाहर काम करने वाले मजदूर, बुजुर्ग, बच्चे और हार्ट की बीमारियों से जूझ रहे लोगों पर गंभीर खतरा हो सकता है.
अब हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं. बारिश के बावजूद अधिकतम तापमान 40 डिग्री को पार कर जा रहा है. गर्मियां पहले भी पड़ती रही हैं लेकिन अब न सिर्फ इसका दायरा बढ़ रहा है, बल्कि अवधि और कई इलाकों में एक ही दिन में पुराने रिकॉर्ड तोड़ देना बताता है कि स्थिति और गंभीर होती जा रही है.
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