Odisha Senior Junior Ragging Case: ओडिशा के रायगढ़ जिले में एक बार फिर स्कूल की चारदीवारी के भीतर छात्रों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं. अंबादला स्थित मंगल विभागीय सरकारी उच्च माध्यमिक विद्यालय के छात्रावास में सीनियर छात्रों के आतंक का ऐसा चेहरा सामने आया है, जिसने अभिभावकों से लेकर स्थानीय लोगों तक को झकझोर कर रख दिया है. आधी रात को सो रहे दो जूनियर छात्रों को नींद से जगाकर लोहे की रॉड और डंडों से पीटा गया. दोनों छात्र बुरी तरह घायल हैं और अस्पताल में भर्ती कराए गए हैं.
रात के सन्नाटे में हिंसा
घटना शनिवार रात की बताई जा रही है. शिकायत के मुताबिक, जब छात्रावास में दो छात्र गहरी नींद में सो रहे थे, तभी कुछ सीनियर छात्र उनके कमरे में घुस आए. पहले उन्हें जबरन जगाया गया, फिर कमरे की लाइट ऑन कर अचानक हमला कर दिया गया. लोहे की रॉड और डंडों से की गई इस पिटाई में दोनों छात्र खून से लथपथ होकर वहीं गिर पड़े.
घायल छात्र अस्पताल में भर्ती
इस हमले में एक छात्र आठवीं कक्षा का है, जबकि दूसरा दसवीं कक्षा में पढ़ता है. दोनों को गंभीर चोटें आई हैं. सूचना मिलने के बाद पुलिस ने उन्हें तत्काल अंबादला सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज चल रहा है. चिकित्सकों के मुताबिक, छात्रों को कई जगह गंभीर चोटें आई हैं, लेकिन फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है.
जान से मारने की धमकी का आरोप
पीड़ित छात्रों का आरोप है कि मारपीट के बाद सीनियर छात्रों ने उन्हें धमकी दी. कहा गया कि अगर उन्होंने इस घटना की जानकारी किसी को दी तो उन्हें जान से मार दिया जाएगा. इसी डर की वजह से छात्र काफी सहमे हुए हैं. परिजनों तक बात पहुंचने में भी समय लगा.
परिजनों की शिकायत, पुलिस जांच में जुटी
घटना की जानकारी मिलते ही डरे हुए परिजनों ने अंबादला थाना पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है. NDTV से बात करते हुए अंबादला पुलिस स्टेशन के IIC सूरजकांत पाधी ने कहा कि हम मामले की जांच कर रहे हैं. यह दूसरी बार है जब इस स्कूल से ऐसी घटना सामने आई है. हम इसे काफी गंभीरता से ले रहे हैं और जरूरी कार्रवाई की जाएगी.
स्कूल प्रशासन पर उठे सवाल
इस घटना के बाद छात्रों और अभिभावकों का गुस्सा स्कूल प्रशासन पर फूट पड़ा है. लोगों ने स्कूल के प्रधानाध्यापक कोला बामन मूर्ति को इस स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहराया है. परिजनों का कहना है कि स्कूल और हॉस्टल में निगरानी की भारी कमी है. इससे पहले भी यहां हिंसा की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया.
पीड़ित छात्र का दर्द
घायल छात्र ने बताया “मैं अंबादला हाई स्कूल में दसवीं कक्षा में पढ़ता हूं. मुझे नहीं पता कि उन्होंने मुझे क्यों मारा. आधी रात को तीन लोग आए और बिना कुछ कहे मुझ पर रॉड से हमला करने लगे.”
मां का आरोप- स्कूल में कोई सख्ती नहीं
पीड़ित की मां का कहना है कि मेरे बेटे ने मुझे फोन कर घर आने को कहा. बाद में पता चला कि सीनियर छात्रों ने उसे लोहे की रॉड से बहुत बुरी तरह पीटा और धमकी भी दी. स्कूल में टीचर्स सख्त नहीं हैं और ऐसी घटनाएं यहां बार-बार हो रही हैं.














