Plasma Information: क्या है प्लाज्मा? कैसे और कब किया जा सकता है Plasma डोनेट, यहां जानें

Plasma Information प्लाज्मा लगभग 90% पानी से बना होता है. इसमें लवण और एंजाइम भी होते हैं. और इसमें एंटीबॉडी होते हैं जो संक्रमण से लड़ने में मदद करते हैं,

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Plasma Information: प्लाज्मा का काम क्या है? कब और कैसे किया जा सकता है प्लाज़्मा डोनेट.

प्लाज्मा हमारे खून का तरल हिस्सा होता है. आपने रेड ब्लड सेल्स , व्हाइट ब्लड सेल्स और प्लेटलेट्स के बारे में सुना होगा. इसी तरह प्लाज्मा भी आपके खून का ही हिस्सा है. इसका एक काम आपके ब्लड प्रेशर को हेल्दी रेंज में रखना है. प्लाज्मा लगभग 90% पानी से बना होता है. इसमें लवण और एंजाइम भी होते हैं. और इसमें एंटीबॉडी होते हैं जो संक्रमण से लड़ने में मदद करते हैं, साथ ही एल्ब्यूमिन और फाइब्रिनोजेन नामक प्रोटीन भी.

प्लाज्मा का काम क्या है?
प्लाज्मा आपके शरीर में विभिन्न कोशिकाओं तक प्रोटीन, हार्मोन और पोषक तत्वों को ले जाने में मदद करता है. जैसे ग्रोथ हार्मोन जो मांसपेशियों और हड्डियों को बढ़ने में मदद करते हैं. क्लॉटिंग फैक्टर्स जो कट लगने पर रक्तस्राव को रोकने में मदद करते हैं. पोटेशियम और सोडियम जैसे पोषक तत्व जो कोशिकाओं को काम करने में मदद करते हैं. इसके अलावा प्लाज्मा रक्तचाप और रक्त की मात्रा के स्तर को सामान्य बनाए रखता है. कोशिकाओं से रासायनिक कचरे को भी प्लाज्मा हटाता है.

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प्लाज्मा डोनेशन-
डॉक्टर विभिन्न प्रकार की गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के इलाज के लिए प्लाज्मा का उपयोग कर सकते हैं. आमतौर पर 17 और 65 साल की उम्र के बीच के लोग ही प्लाज्मा डोनेट करते हैं. जो भी व्यक्ति प्लाज्मा डोनेट करना चाहता है उसका वजन कम से कम 50 किलो ग्राम होना चाहिए. इसके अलावा भी प्लाजमा डोनेशन के कई मानदंड होते हैं. डोनेशन से पहले डॉक्टर इसकी जांच करते हैं.

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जब देश में कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा था उस समय भी प्लाज्मा का इस्तेमाल होता था. कोरोना से उबरने के 28-30 दिन बाद प्लाज्मा डोनेट किया जा सकता है. इसमें उन लोगों को प्राथमिकता दी जाती है जिन्हें इन्फेक्शन के समय बुखार, सर्दी, खांसी जैसे लक्षण दिखे हों. ऐसा इसलिए क्योंकि इनमें एंटी-कोरोना IgG एंटीबॉडी की मात्रा ज्यादा होने की संभावना ज्यादा होती है.  

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अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.

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