जन्माष्टमी के लिए सजकर तैयार कृष्ण नगरी मथुरा, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

Krishna Janmashtami : मथुरा (Mathura) और वृंदावन (Vrindavan) में गुरुवार को मनाई जाएगी जन्माष्टमी, इसे देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के इंतजाम किए कड़े.

विज्ञापन
Read Time: 10 mins
Krishna Janmashtami : मथुरा - वृंदावन में तैयारी शुरू.
ANI

मथुरा (उप्र), (भाषा) : उत्तर प्रदेश के मथुरा (Mathura) और वृंदावन (Vrindavan) में गुरुवार को श्रीकृष्‍ण जन्‍माष्‍टमी (Janmashtami) के अवसर पर भारी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना है. इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने मंदिरों में बड़े पैमाने पर इंतजाम किए हैं. खास तौर से पूर्व में हुए कुछ हादसों को ध्‍यान में रखते हुए भीड़ को नियंत्रित करने का पुख्ता इंतजाम किया गया है..

Janmashtami 2023 jhula : जन्माष्टमी पर बाल गोपाल का करना है खास स्वागत तो घर पर इस तरह मिनटों में तैयार कर लें पालना, जरूर प्रसन्न होंगे कान्हा

कृष्ण जन्माष्टमी से ठीक दो दिन पहले जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने पदभार संभालने के बाद मंगलवार को मीडिया के साथ बातचीत में कहा कि 7 सितंबर (गुरुवार) को मथुरा और वृंदावन में कृष्ण जन्माष्टमी का पर्व चौकस सुरक्षा व्यवस्था के बीच शांति और सद्भावना से मनाया जाएगा. उन्होंने कहा कि यह पर्व ब्रजवासियों और दुनिया भर के कृष्ण भक्तों के जीवन में खास महत्व रखता है. उन्होंने कहा कि इस महापर्व पर देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु नंदलाला के जन्मोत्सव की खुशी मनाने आते हैं. ऐसे में जिले के मुखिया के रूप में उनकी यह जिम्मेदारी बनती है कि इस दौरान व्यवस्था में कोई कमी न रहे.

एडीएम (ADM) प्रशासन विजय शंकर पांडेय ने बताया कि मंदिर क्षेत्र में 1 जोनल और 7 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं. उन्होंने बताया कि मथुरा को 3 जोन और 17 सेक्टर में बांटा गया है, वहीं वृन्दावन को 3 जोन और 16 सेक्टर में बांटा गया है. 

Advertisement

गौरतलब है कि पिछले साल जन्माष्टमी के अवसर पर वृन्दावन के ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर (Banke Bihari Mandir) के प्रांगण में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने के कारण एक महिला सहित दो श्रद्धालुओं की मृत्यु हो गई थी.

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
Featured Video Of The Day
Raghav Chadha Quits AAP: राज्यसभा के 7 सांसदों ने थामा 'कमल' Arvind Kejriwal | Sucherita Kukreti
Topics mentioned in this article