अगर आपने भारतीय रेल में सफर किया है तो अक्सर ट्रेन के आखिरी डिब्बे के पीछे बड़े सफेद या पीले रंग का ‘X' निशान बना देखा होगा. पर क्या आप जानते हैं कि ये निशान क्यों बनाया जाता है. आखिर हर ट्रेन के पीछे इसे बनाने की वजह क्या है. जानें इस ‘X' निशान का असली मतलब और क्यों इसे बनाना जरूरी होता है.
‘X' निशान का मतलब
ट्रेन के पीछे बना ‘X' निशान यह दर्शाता है कि यह उस ट्रेन का वह आखिरी डिब्बा है. यह निशान यात्रियों के लिए नहीं होता बल्कि रेल कर्चमारियों के लिए बनाया जाता है. इस 'X' निशान को देखकर वे ये समझ जाते हैं कि ट्रेन का आखिरी डिब्बा निकल चुका है और पूरी ट्रेन पटरी से गुजर गई है.
क्या आप जानते हैं LPG, PNG, CNG, LNG का फुलफॉर्म, एक-दूसरे से कितना अलग होती हैं ये GAS
खास तौर पर रेलवे ट्रैक पर काम करने वाले कर्मचारियों और स्टेशन मास्टर के लिए यह निशान महत्वूपर्ण संकेत होता है. रात के समय ‘X' निशान के साथ लाल रंग की लाइट लगाई जाती है. क्योंकि लाल लाइट दूर से दिखाई देती है.
सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण
अगर किसी भी कारण से ट्रेन का ‘X' निशान नजर नहीं आता है, तो रेलवे कर्मचारी सतर्क हो जाते हैं. ऐसी स्थिति में ये भी हो सकता है कि ट्रेन का डिब्बा अलग हो गया हो. इस सतर्कता से किसी बड़ी दुर्घटनाओं को टाला जा सकता है.
कहां नहीं बनाया जाता ‘X' निशान
आधुनिक ट्रेनों या मेट्रो में पारंपरिक ‘X' निशान की जगह इलेक्ट्रॉनिक संकेत या अलग तरह के इंडिकेटर इस्तेमाल किए जाते हैं.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं