दिल्ली की मंडोली जेल में बंद एक गैंगस्टर ने गवाह की हत्या की साजिश रच दी. गैंगस्टर से गवाह की हत्या के लिए शूटर हायर किए, उसे हथियार और पैसे तक मिल गए. हालांकि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की सतर्कता से एक बड़ी आपराधिक घटना होने से पहले ही बदमाश पकड़ में आ गए. दरअसल दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल, ईस्टर्न रेंज ने एक बड़ी टारगेट किलिंग की साजिश को वक्त रहते नाकाम कर दिया. यह साजिश मंडोली जेल में बंद कुख्यात गैंगस्टर इरफान उर्फ छेनू पहलवान ने जेल के अंदर से रची थी. मकसद एक अहम अभियोजन गवाह की हत्या करना था, लेकिन स्पेशल सेल की सतर्कता से वारदात से पहले ही पूरा नेटवर्क पकड़ में आ गया.
शास्त्री पार्क इलाके से हथियार के साथ पकड़ा गया था शूटर
स्पेशल सेल को इनपुट मिला था कि शास्त्री पार्क इलाके में किसी बड़ी वारदात की तैयारी चल रही है. इसी आधार पर 24 जनवरी की रात जेपीसी अस्पताल, शास्त्री पार्क के पास छापेमारी की गई, जहां से 22 वर्षीय अदीब को पकड़ा गया. तलाशी के दौरान उसके पास से एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल और 5 जिंदा कारतूस बरामद हुए, जिसके बाद आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया.
जेल में बंद गैंगस्टर के कहने पर मिला था हथियार और कैश
पूछताछ में अदीब ने खुलासा किया कि उसे यह हथियार मंडोली जेल में बंद इरफान उर्फ छेनू पहलवान के कहने पर मिला था. हत्या के लिए एडवांस में कैश भी दिया गया था. उसने अपने दो साथियों फारमान और आमिर को भी इस साजिश में शामिल किया था. जांच में सामने आया कि हत्या की साजिश के लिए टोकन मनी सीलमपुर की एक चाय की दुकान के जरिए दी गई. छेनू पहलवान के करीबी उस्मान ने यह पैसा चाय की दुकान मालिक को दिया, जहां से शूटरों तक रकम पहुंचाई जानी थी. यह पूरा नेटवर्क बेहद सुनियोजित तरीके से काम कर रहा था.
शूटर के पास से सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल और 10 कारतूस जब्त
अदीब की निशानदेही पर पुलिस ने 26 जनवरी को फारमान को गिरफ्तार किया. इसके बाद 27 जनवरी को उस्मान को पकड़ा गया. 28 जनवरी को जेल में बंद इरफान उर्फ छेनू पहलवान को भी इस केस में गिरफ्तार कर लिया गया. संगठित अपराध को देखते हुए मामले में बीएनएस की धारा 55/61(2) भी जोड़ी गई है. पुलिस ने आरोपियों के पास से एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल, 10 कारतूस और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं. इन मोबाइल फोन से साजिश से जुड़े अहम डिजिटल सबूत मिलने की उम्मीद है.
सीलमपुर, शास्त्री पार्क इलाके का कुख्यात बदमाश है छेनू पहलवान
इरफान उर्फ छेनू पहलवान सीलमपुर, जाफराबाद और शास्त्री पार्क इलाके में सक्रिय कुख्यात गैंगस्टर है. उसके खिलाफ हत्या, रंगदारी, लूट और आर्म्स एक्ट के कई मामले दर्ज हैं. साल 2023 में एनआईए ने भी उसे टेरर-गैंगस्टर-ड्रग सिंडिकेट से जुड़े केस में आरोपी बनाया था. स्पेशल सेल अब यह पता लगाने में जुटी है कि जिस अहम गवाह को निशाना बनाया जाना था, वह कौन है और हथियार की सप्लाई कहां से हुई. फरार आरोपियों की तलाश जारी है. पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से एक बड़ी वारदात टल गई.
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