जम्मू कश्मीर ने बंगाल क्रिकेट अकादमी के मैदान पर इतिहास रच डाला. पारस डोगरा की कप्तानी में जम्मू कश्मीर ने रणजी ट्रॉफी के फाइनल (Ranji Troht Final) में पहली बार अपनी जगह बना ली है. जम्मू कश्मीर ने सेमीफाइनल मुकाबले में मजबूत बंगाल की टीम को 6 विकेट से हराते हुए ऐतिहासिक जीत की. टीम के यादगार प्रदर्शन से बीसीसीआई अध्यक्ष मिथुन मन्हास (Mithun Manhas) भी गदगद हो गए हैं. उन्होंने जम्मू कश्मीर टीम के प्रदर्शन की जमकर तारीफ की है. साथ ही उन्होंने टीम के इस ऐतिहासिक सफर के लिए बीसीसीआई (BCCI) का खासतौर पर धन्यवाद किया है.
BCCI अध्यक्ष ने खास बातचीत करते हुए कहा, 'मैं आपको पूरी ईमानदारी से बताता हूं कि यह बहुत ही संतुष्टि वाला एहसास है, क्योंकि यहां तक पहुंचने की शुरुआत जून 2021 से हुई थी. सबसे पहले मैं BCCI और खासतौर पर जय शाह को इस कामयाबी का क्रेडिट देना चाहूंगा. उन्होंने मेरे पर भरोसा दिखाया और जम्मू कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन का डायरेक्टर रहने पर मुझे पूरा सपोर्ट किया.'
मन्हास ने आगे कहा, 'इससे पहले हमने कोई भी खास उपलब्धि हासिल नहीं की थी, लेकिन बीसीसीआई के अंडर में आने के बाद चीजें बेहतर होना शुरू हुईं. मुझे लगता है कि इसका क्रेडिट सभी लड़कों को भी दिया जाना चाहिए, क्योंकि उन्होंने कमाल की क्रिकेट खेलते हुए टीम को जीत दिलाई. इस बात पर भरोसा करना काफी मुश्किल है कि जम्मू में कोई भी स्टेडियम नहीं है और उसके बावजूद भी हम यहां तक पहुंचने में सफल रहे. ऐसे में यह लाखों लोगों का संघर्ष है.'
बीसीसीआई अध्यक्ष ने उम्मीद जताई कि जम्मू कश्मीर की टीम फाइनल मुकाबले में भी दमदार प्रदर्शन करेगी. उन्होंने कहा, 'मैं जम्मू कश्मीर के सभी क्रिकेटर्स को बधाई देना चाहता हूं, जिन्होंने सुविधाएं और सपोर्ट ना होने के बावजूद अपनी जिंदगी में काफी संघर्ष किया है. यह काफी महत्वपूर्ण है कि हम फाइनल में भी अच्छा प्रदर्शन करें, क्योंकि इससे जम्मू कश्मीर में सबकुछ पूरी तरह से बदल जाएगा. हालांकि, सभी प्लेयर्स को मेरा सलाम और हमें सपोर्ट करने के लिए बीसीसीआई का बहुत-बहुत धन्यवाद.'














