यह ख़बर 06 फ़रवरी, 2011 को प्रकाशित हुई थी

शेयर बाजार के लिए बुरा दौर समाप्त नहीं

खास बातें

  • विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ती मुद्रास्फीति और मिस्र की राजनीतिक अनिश्चितता आने वाले सप्ताह में भी बाजार के लिए चिंता का सबब बने रह सकते हैं।
New Delhi:

शेयर बाजार में गिरावट का दौर आने वाले दिनों में जारी रह सकता है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ती मुद्रास्फीति और मिस्र की राजनीतिक अनिश्चितता आने वाले सप्ताह में भी बाजार के लिए चिंता का सबब बने रह सकते हैं। बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स, जिसमें जनवरी माह के दौरान करीब 10.6 प्रतिशत की गिरावट आई थी, उसमें फरवरी महीने के पहले सप्ताह में भी गिरावट का दौर जारी रहा। शुक्रवार को सेंसेक्स में 441 अंकों की गिरावट देखने को मिली। 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले के मामले में पूर्व दूरसंचार मंत्री ए राजा और उनके मातहत काम करने वाले दो पूर्व अधिकारियों की गिरफ्तारी की खबर से सेंसेक्स में जो सप्ताह के मध्य में लाभ देखने को मिला था, वह समाप्त हो गया। इस बीच, खाद्य वस्तुओं की मुद्रास्फीति 22 जनवरी को समाप्त सप्ताह में बढ़कर 17.05 प्रतिशत हो गई। बढ़ती महंगाई से चिंतित वित्तमंत्री प्रणब मुखर्जी ने आश्वस्त किया कि कीमतों को नरम बनाने के लिए और कदम उठाए जाएंगे। मोतीलाल ओसवाल सिक्योरिटीज के इक्विटी और डेरेवेटिव्स के सहायक निदेशक मनीष शाह ने कहा, निवेशकों की धारणा प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के इस बयान से और कमजोर हुई है कि मुद्रास्फीति के कारण आर्थिक विकास को गंभीर खतरा है। समीक्षाधीन सप्ताह के उतार-चढ़ाव से भरे कारोबार के दौरान बंबई शेयर बाजार के सूचकांक में लगभग 388 अंक अथवा 2.1 प्रतिशत की गिरावट आई। बाजार विश्लेषकों का मानना है कि आगे भी गिरावट जारी रह सकती है, क्योंकि बाजार में कोई सकारात्मक समाचार का अभाव है और लिवाली का स्तर कमजोर है। जियोजित बीएनपी परीबास फाइनेंशल सर्विसेज के प्रमुख एलेक्स मैथ्यू ने कहा, मुद्रास्फीति को लेकर चिंता और मिस्र के संकट के कारण आगामी सप्ताह भी बाजार में गिरावट का दौर जारी रहने की आशंका है। मिस्र के संकट और इसके आगे और फैलने की आशंका के कारण वैश्विक कच्चे तेल मूल्य में तेजी से निवेशक मौजूदा निम्न स्तर के बावजूद भी बिकवाली के लिए बाध्य हो सकते हैं। हालांकि बाजार पर्यवेक्षकों का यह भी मानना है कि औद्योगिक विकास के आंकड़ों को इस सप्ताह घोषित किया जाना है, जिससे लड़खड़ाते बाजार को कोई दिशा मिल सकती है। आईआईएफएल के शोध प्रमुख अमर अंबानी ने कहा, इस सप्ताह बाजार वित्तवर्ष 2011 के लिए अग्रिम जीडीपी अनुमान और ताजा आईआईपी आंकड़ों के अनुरूप अपनी दिशा निर्धारित कर सकता है। बंबई शेयर बाजार में समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक मुख्यतया एफएमसीजी, रीयल्टी, आईटी, ऑटो और बैंकिंग शेयरों में बिकवाली दवाब के कारण लगभग 388 अंकों की गिरावट दर्शाता पांच माह से भी अधिक समय के निम्न स्तर 18,008.15 पर बंद हुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 116.40 अंक अथवा 2.11 प्रतिशत की गिरावट के साथ 5,400 अंक के स्तर से नीचे 5,395.75 अंक पर बंद हुआ।


Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com