Trade Settlement In Rupee: रूसी एसएमई ने अपने भारतीय ट्रेडिंग पार्टनर के लिए लेन-देन की सुविधा को आसान बना दिया है.
नई दिल्ली:
India-Russia trade: भारतीय करेंसी (Indian Currency) दुनिया भर में अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है. भारतीय रुपया इंटरनेशनल करेंसी बनने की राह पर चल पड़ा है. भारत रूस व्यापार को बढ़ावा देने के लिये रूस के दूसरे सबसे बड़े बैंक वीटीवी (VTB) ने भारतीय करेंसी रुपये में डायरेक्ट पेमेंट (Direct Payments In Rupees) की सुविधा शुरू की है. जिसके बाद अब रूसी स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज (SME) भारतीय रुपये में लेनदेन कर पाएंगे. इस तरह रूसी एसएमई ने अपने भारतीय ट्रेडिंग पार्टनर के लिए लेन-देन की सुविधा को आसान बना दिया है.
रूसी एसएमई ग्राहक अब बिना करेंसी को दोबारा बदले हुए सीधे पेमेंट ट्रांसफर कर सकते हैं. जिससे उनका भारत के साथ फॉरेन ट्रेड कॉन्ट्रैक्ट (Foreign Trade Contract) से जुड़ा काम आसान हो जाएगा. डायरेक्ट सेटेलमेंट मेकैनिज्म (Trade Settlement Mechanism) प्रोडक्ट के प्राइस और नेशनल करेंसी में पेमेंट को फिक्स करने के साथ-साथ मार्केट टर्म के अनुसार इंडिविजुअल को पेमेंट प्राप्त करने की अनुमति देता है.
रुसी बैंक ने यह कदम ऐसे समय में उठाया है दोनों देशों के बीच व्यापार सौदे को मजबूत करने के लिए लगातार सही अहम कदम उठाए जा रहे हैं. रूसी बैंक वीटीवी के अनुसार, यह लेनदेन की प्रिलिमनरी कोऑर्डिनेशन को भी खत्म करता है.
रूस के विदेश मंत्रालय ने दिसंबर में कहा था कि दोनों देशों के बीच व्यापार सोने की स्थिति को ठीक करने के लिए नेशनल करेंसी में लेनदेन करना जरूरी है. वही नवंबर में भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने मॉस्को में अपनी यात्रा के दौरान घटते भारतीय निर्यात पर चिंता जाहिर की थी.
आपको बता दें कि रूस यूक्रेन संकट के बाद से भारत से रूस का आयात कई गुना बढ़ गया है.यह रूस को भारत के निर्यात से 5 गुना अधिक है.भारत रूस ट्रेड मुख्य रूप से कोयले तेल और फर्टिलाइजर्स पर बेस्ड है, जिसका आकार 27 बिलीयन डॉलर का है.
वीटीबी सहित नौ रूसी बैंकों ने नवंबर 2022 में रूस-भारतीय व्यापार को सुविधाजनक बनाने के लिए भारत में स्पेशल वोस्ट्रो अकाउंट(Special Vostro Accounts) खोले.इसके साथ ही कुछ भारतीय बैंकों ने भी रूस के साथ व्यापार के लिए स्पेशल वोस्ट्रो अकाउंट खोले हैं.