खास बातें
- आईएमएफ की एक रपट में कहा गया है कि भारत में कारोबारी परिदृश्य सुधारने की काफी गुंजाइश है और देश में लागत घटाने व कर्ज सुविधा बढ़ाने जैसे उपायों के जरिए निजी निवेश बढ़ाया जा सकता है।
वाशिंगटन: अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की एक रपट में कहा गया है कि भारत में कारोबारी परिदृश्य सुधारने की काफी गुंजाइश है और देश में लागत घटाने व कर्ज सुविधा बढ़ाने जैसे उपायों के जरिए निजी निवेश बढ़ाया जा सकता है।
आईएमएफ ने कहा कि भारत में कंपनियो का निवेश वैश्विक वित्तीय संकट से पहले सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के 14 प्रतिशत से घटकर 10 प्रतिशत पर आ गया है। आर्थिक सुधारों व कारोबारी लागत घटाने जैसे उपायों के जरिए कंपनियों की लाभप्रदता भी बढ़ाई जा सकती है।
पत्र में कहा गया है, ‘कारोबार करने की विभिन्न लागतों में कटौती कर व वित्तीय पहुंच में सुधार से कंपनियों के निवेश को प्रोत्साहन उपलब्ध कराने में मदद की जा सकती है और देश में कारोबारी परिदृश्य सुधारने की काफी गुंजाइश है।’