खास बातें
- आईसीसी ने बट के अलावा मोहम्मद आसिफ और मोहम्मद आमिर को भी 2010 में इंग्लैंड के खिलाफ लार्डस में खेले गए टेस्ट मैच के दौरान स्पॉट फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद प्रतिबंधित कर दिया था।
कराची: पूर्व पाकिस्तानी कप्तान सलमान बट ने पहली बार सार्वजनिक तौर पर स्वीकार किया है कि वह इंग्लैंड के खिलाफ 2010 की टेस्ट शृंखला में स्पॉट फिक्सिंग में लिप्त थे। उन्होंने अपने इस कृत्य के लिए प्रशंसकों से माफी मांगी है।
आईसीसी ने बट के अलावा मोहम्मद आसिफ और मोहम्मद आमिर को भी 2010 में इंग्लैंड के खिलाफ लार्डस में खेले गए टेस्ट मैच के दौरान स्पॉट फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद प्रतिबंधित कर दिया था।
अप्रैल में बट और उनके पूर्व साथी आसिफ की निलंबन की अवधि कम करने की याचिका खेल पंचाट ने ठुकरा दी थी। आईसीसी मुख्य कार्यकारी डेव रिचर्डसन ने उन्हें अपनी गलती स्वीकार करने और आईसीसी की भ्रष्टाचार निरोधक एवं सुरक्षा इकाई (एसीएसयू) के साथ सहयोग करने की अपील की थी।
बट ने संक्षिप्त बयान में कहा, ‘‘मैं आईसीसी पंचाट का फैसला स्वीकार करता हूं। मैंने पहले भी कहा था और फिर से कह रहा हूं कि जिन्हें भी मेरे कृत्य से निराशा हुई है मैं उनसे माफी मांगता हूं। इससे क्रिकेट पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। मैं इसके लिए माफी मांगता हूं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘जो क्रिकेट खेल रहे हैं और खेलना चाहते हैं, मैं उन सभी से कहना चाहता हूं कि वे इस तरह के गलत कामों से दूर रहें क्योंकि इसका उन पर और क्रिकेट पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।’’