- पटना के शम्भू गर्ल्स हॉस्टल में नीट छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में सीबीआई गहन जांच कर रही है
- मृतका के परिवार को धमकी भरे पर्चे मिल रहे हैं, जिनमें बेटे की हत्या की चेतावनी दी गई है
- सीबीआई टीम ने मृतका के पैतृक गांव जाकर चार घंटे से अधिक समय तक परिवार से पूछताछ की है
जहानाबाद/पटना: पटना के शम्भू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला गहराता जा रहा है. एक तरफ जहां सीबीआई (CBI) की टीम गहन जांच में जुटी है, वहीं दूसरी तरफ मृतका के परिजन को लगातार मिल रही धमकियों ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
"बेटी तो गई, अब बेटा भी मरेगा" – पर्चे में खौफनाक चेतावनी
छात्रा के परिजनों को शनिवार के बाद अब दूसरी बार धमकी भरा पर्चा मिला है, जिससे परिवार में दहशत का माहौल है. इस बार पर्चा सीधा घर के अंदर फेंका गया, जिसमें लिखा था- "नहीं मानोगे तो बेटी तो गई, बेटा भी दो दिन में मरेगा." इससे पहले शनिवार को भी किचन की खिड़की पर एक पर्चा मिला था, जिसमें चेतावनी दी गई थी कि "ज्यादा तेज बनोगे तो उठा लिए जाओगे, मार दिए जाओगे."
मृतका के पिता ने प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था पर चिंता जाहिर की है. उन्होंने बताया कि घर की सुरक्षा के लिए दिन में चौकीदार तैनात रहता है और बाहर पुलिस बल भी मौजूद है. इसके बावजूद घर के अंदर धमकी भरा पर्चा मिलना बेहद चौंकाने वाला और डराने वाला है. पिता के अनुसार, उन्होंने पहले मिली धमकी की जानकारी स्थानीय पुलिस और सीबीआई टीम को दे दी थी, लेकिन इसके बावजूद दोबारा ऐसी घटना होना सुरक्षा में बड़ी चूक की ओर इशारा करता है.
वहीं, केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की टीम इस गुत्थी को सुलझाने के लिए लगातार साक्ष्य जुटा रही है. इसी क्रम में, मंगलवार को सीबीआई की पांच सदस्यीय टीम दूसरी बार मृतका के पैतृक गांव पहुंची और परिजनों से लंबी पूछताछ की.
4 घंटे तक चली गहन पूछताछ
सीबीआई टीम मंगलवार शाम करीब 3 बजे छात्रा के गांव पहुंची. जांच अधिकारियों ने परिवार के सदस्यों से अलग-अलग कमरे में पूछताछ की. यह पूछताछ लगभग साढ़े चार घंटे तक चली. इस दौरान टीम ने कई बिंदुओं पर ध्यान केंद्रित किया, जैसे- छात्रा की हालिया गतिविधियां और उसका व्यवहार. मौत से कुछ समय पहले परिवार के साथ हुई बातचीत. हॉस्टल में रहने के दौरान छात्रा द्वारा बताई गई कोई भी समस्या.
भाई का मोबाइल फोन जब्त, डिजिटल साक्ष्यों की तलाश
जांच के दौरान एजेंसी ने मृतका के भाई का मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया है. सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई मोबाइल की तकनीकी जांच (Forensic Examination) करवाएगी. कॉल डिटेल्स, मैसेज, सोशल मीडिया एक्टिविटी और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के जरिए यह पता लगाना है कि क्या छात्रा किसी दबाव में थी या उसकी मौत के पीछे कोई अन्य बाहरी कारण था.
न्याय की उम्मीद में परिजन
करीब रात 8:45 बजे जांच पूरी कर टीम पटना के लिए रवाना हो गई. इससे पहले सीबीआई की टीम पटना स्थित शम्भू गर्ल्स हॉस्टल का भी दौरा कर चुकी है, जहां उन्होंने हॉस्टल संचालक और अन्य छात्राओं के बयान दर्ज किए थे. मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सीबीआई हर छोटे-बड़े पहलू की बारीकी से जांच कर रही है. मृतका के परिजनों ने जांच पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद है कि सीबीआई की कार्रवाई से सच्चाई सामने आएगी और उनकी बेटी को न्याय मिलेगा.
अब तक क्या हुआ: घटनाक्रम पर एक नज़र
6 जनवरी: पटना के शम्भू गर्ल्स हॉस्टल के कमरे में छात्रा बेहोश पाई गई.
11 जनवरी: इलाज के दौरान छात्रा की मौत हो गई.
पुलिस की थ्योरी: शुरुआत में पुलिस इसे आत्महत्या का मामला मान रही थी.
SIT और चौंकाने वाले खुलासे: बिहार पुलिस द्वारा गठित SIT की जांच में छात्रा के कपड़ों से पुरुष के वीर्य के नमूने मिले, जिससे दुष्कर्म और हत्या की आशंका प्रबल हो गई.
CBI जांच: मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने जांच सीबीआई को सौंप दी. वर्तमान में केंद्रीय एजेंसी डीएनए (DNA) सैंपल और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जांच कर रही है.













