फिलीपींस में एक बड़ा हादसा हो गया है. अधिकारियों ने जानकारी दी है कि 350 से अधिक लोगों से भरी एक नौका सोमवार, 26 जनवरी को तड़के सुबह दक्षिणी फिलीपींस में एक द्वीप के पास डूब गई. बचावकर्मियों ने कम से कम 244 यात्रियों को बचाया है और 13 शव निकाले गए हैं. AP की रिपोर्ट के अनुसार तटरक्षक अधिकारियों ने कहा कि एम/वी ट्रिशा केर्स्टिन 3 (M/V Trisha Kerstin 3) दो द्वीपों के बीच चलने वाली कार्गो और यात्री नौका है. इसपर 332 यात्री और 27 चालक दल के सदस्य मौजूद थे जब यह बंदरगाह शहर जाम्बोआंगा से सुलु प्रांत में दक्षिणी जोलो द्वीप के लिए रवाना हो रही थी. रास्ते में इसे तकनीकी समस्याओं का सामना करना पड़ा और यह आधी रात के बाद डूब गई.
अच्छे मौसम में हो गया हादसा, वजह क्या रही?
AP की रिपोर्ट के अनुसार फिलीपींस के तट रक्षक कमांडर रोमेल दुआ ने बताया कि मौसम अच्छा ही था लेकिन नौका बेसिलन प्रांत के बालुक-बालुक द्वीप गांव से लगभग 2 किलोमीटर दूर डूब गई, जहां से कई बचे लोगों को शुरू में निकाला गया. कमांडर दुआ ने कहा कि तटरक्षक और नौसेना के जहाज, एक निगरानी विमान, वायु सेना के ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर और मछली पकड़ने वाली नौकाओं के बेड़े के साथ बेसिलन में खोज और बचाव अभियान चलाया जा रहा है.
रिपोर्ट के अनुसार नौका के डूबने का कारण तुरंत स्पष्ट नहीं है और इसकी जांच की जाएगी. तट रक्षक कमांडर दुआ ने कहा कि तट रक्षक ने जंबोआंगा बंदरगाह छोड़ने से पहले नौका को हरी झंडी दिखाई दी और ओवरलोडिंग का कोई संकेत नहीं था. बता दें कि फिलीपीन द्वीपसमूह में बार-बार आने वाले तूफानों, खराब रखरखाव वाले जहाजों, भीड़भाड़ और सुरक्षा नियमों के अनियमित कार्यान्वयन के कारण समुद्री दुर्घटनाएं आम हैं, खासकर दूरदराज के प्रांतों में.
दिसंबर 1987 में, मध्य फिलीपींस में एक फ्यूल टैंकर से टकराने के बाद डोना पाज नौका डूब गई थी. इसमें 4,300 से अधिक लोग मारे गए थे. यह दुनिया की सबसे खराब शांतिकालीन समुद्री आपदा में से एक है.














