बांग्लादेश में दीपू चंद्र दास हत्याकांड का मुख्य आरोपी गिरफ्तार, शिक्षक अराफात ने रची थी साजिश

दीपू चंद्र दास की हत्या भीड़ ने की थी. भीड़ ने उसे पीट-पीटकर मार डाला, उसके शव को पेड़ से लटका दिया और आग लगा दी गई थी. जांचकर्ताओं का कहना है कि उनके कई सहयोगी भी हमले में शामिल हुए थे. 

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
दीपू चंद्र दास की हत्याकांड का आरोपी गिरफ्तार
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • बांग्लादेश पुलिस ने दीपू चंद्र दास हत्या मामले के मुख्य आरोपी यासीन अराफात को गिरफ्तार किया है
  • दीपू चंद्र दास को उनकी नौकरी से निकालकर स्थानीय इस्लामवादी भीड़ ने पीट-पीटकर मार डाला और शव को आग लगाई गई थी
  • यासीन अराफात ने भीड़ को उकसाने और हत्या की साजिश रचने में केंद्रीय भूमिका निभाई थी, जिससे हिंसा भड़क गई थी
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

बांग्लादेश में बीते दिनों हुए दीपू चंद्र दास की हत्या के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. बांग्लादेश पुलिस ने आरोपी की पहचान यासीन अराफात के रूप में की है. यासीन अराफात पेशे से शिक्षक रह चुका है. आपको बता दें कि बांग्लादेश में बीते कुछ समय से अल्पसंख्यक हिंदुओं पर अत्याचार लगातार जारी हैं. कुछ दिन पहले भी एक पत्रकार की गोली मारकर हत्या कर दी गई है. पुलिस की जांच में पता चला कि जिस पत्रकार की हत्या की गई है वो हिंदू समाज से आता है. 

सरेआम की गई थी दीपू चंद्र दास की हत्या

दीपू चंद्र दास की हत्या ईशनिंदा के आरोप के बीच की गई थी. इस हत्या की व्यापक अंतरराष्ट्रीय निंदा भी की गई थी. मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर अधिकारियों ने बताया कि आरोपी यासीन अराफात पहले शिक्षक रह चुका है. साथ ही यासीन ने हमले की साजिश रचने और उसे अंजाम देने में केंद्रीय भूमिका निभाई थी.दीपू चंद्र दास की हत्या 18 दिसंबर को मैमनसिंह जिले में हुई थी. 27 वर्षीय दास को उसके कारखाने के पर्यवेक्षकों ने कथित तौर पर इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया था, फिर उसे उसके कार्यस्थल से बाहर निकाला गया और इस्लामवादी स्थानीय लोगों की गुस्साई भीड़ को सौंप दिया गया. भीड़ ने उसे पीट-पीटकर मार डाला, उसके शव को पेड़ से लटका दिया और आग लगा दी गई थी. जांचकर्ताओं का कहना है कि उनके कई सहयोगी भी हमले में शामिल हुए. 

पुलिस ने कहा कि हत्या के तुरंत बाद अराफात इलाके से भाग गया और छिप गया. उसे गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया गया.अधिकारियों के अनुसार, अराफात ने स्थानीय समुदाय में अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके भीड़ को तेजी से इकट्ठा किया और उकसाया, जो आरोप के रूप में शुरू हुआ उसे एक घातक भीड़ के हमले में बदल दिया. जांचकर्ताओं का आरोप है कि अराफात ने न केवल हिंसा भड़काई बल्कि दास को व्यक्तिगत रूप से पास के चौराहे पर घसीटा, जहां उन्हें फांसी दी गई और आग लगा दी गई. इससे पहले बांग्लादेश पुलिस ने इस मामले में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया था.

यह भी पढ़ें: 'दीपू के साथ दानवों जैसा सलूक...', बांग्लादेश में हत्या के चश्मदीद ने NDTV से बयां की भीड़ की बर्बरता

यह भी पढ़ें: बांग्लादेश में दीपू दास की हत्या के बाद दहशत में जी रहे गांव वाले, NDTV ने खुद देखी हिंदुओं की बेबसी

Featured Video Of The Day
Cashless Treatment Scheme: Road Accident में मिलेगा इतने लाख तक का कैशलेस इलाज, देखें पूरी डिटेल्स!