- इजरायल के PM नेतन्याहू ने ईरानी जनता से अत्याचारी शासन उखाड़ फेंकने और स्वतंत्र ईरान बनाने का आह्वान किया
- अमेरिका और इजरायल ने ईरान के कई शहरों पर हवाई हमले कर सरकारी कार्यालयों को निशाना बनाया है
- ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इजरायल के कई प्रमुख शहरों पर मिसाइल हमले किए हैं
इजरायल और ईरान के बीच दोबारा जंग शुरू होने के बाद पीएम बेंजामिन नेतन्याहू का पहला बयान सामने आया है. नेतन्याहू ने शनिवार सुबह ईरान पर अमेरिकी-इजरायल हमलों के बाद पहले वीडियो बयान में तेहरान में सत्ता परिवर्तन का आह्वान किया.नेतन्याहू ने कहा, ईरानी जनता के सभी वर्ग अत्याचारीशासन को उखाड़ फेंकने और एक स्वतंत्र और शांतिपूर्ण ईरान की स्थापना करने में मदद करें. उन्होंने कहा, हमारी साझा कार्रवाई से ईरान के साहसी लोगों को अपना भविष्य अपने हाथों में लेने के लिए हालात तैयार होंगे. जून में ईरान के साथ 12 दिनों तक चले युद्ध के दौरान भी नेतन्याहू ने ईरानी लोगों से शासन के खिलाफ विद्रोह करने का आह्वान किया था. नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को उनकी अगुवाई के लिए धन्यवाद दिया. नेतन्याहू ने कहा, इस हत्यारे आतंकवादी शासन को परमाणु हथियार हासिल करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए, जो इसे पूरी मानवता के लिए खतरा बनने में सक्षम बना दे.
इजरायल और अमेरिका ने साझा कार्रवाई करते हुए आज ईरान के कई शहरों पर हवाई हमला बोला है. राजधानी तेहरान, कौम, खोर्रामाबाद, इस्फहान जैसे शहरों में मिसाइल अटैक हुआ है. ईरान सरकार के कई कार्यालयों को भी निशाना बनाया गया है. हालांकि ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को कहीं सुरक्षित स्थान पर भेजे जाने की खबर है. वहीं ईरान ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए इजरायल के हाइफा, तेल अवीव, गैलिली जैसे शहरों पर ताबड़तोड़ मिसाइलें दागी हैं.
ये भी पढ़ें:- ऑपरेशन ‘Lion's Roar' के तहत ईरान के कई शहरों पर हमले कर रहा इजरायल
ऑनलाइन निगरानी संस्था नेटब्लॉक्स के अनुसार, ईरान में लगभग पूरी तरह से इंटरनेट ठप है. नेटब्लॉक्स ने लिखा, नेटवर्क डेटा से पता चलता है कि ईरान में इस समय लगभग पूरी तरह से इंटरनेट ठप है और नेशनल कनेक्टिविटी केवल 4% या सामान्य स्तर पर है. यह घटना अमेरिका और इज़राइल के सैन्य अभियानों के बीच घटी है और पिछले साल इज़राइल के साथ हुए युद्ध के दौरान अपनाए गए उपायों से मिलती-जुलती है. जनवरी में भी ईरानी नागरिक इंटरनेट से जुड़ नहीं पाए, क्योंकि सरकार ने सरकार विरोधी प्रदर्शनों पर कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन कम्यूनिकेश को बंद कर दिया था.
ईरान ने भी जवाबी हमले शुरू कर दिये हैं. उत्तरी इजराइल में धमाकों की आवाजें गूंज रही हैं. ईरान से आने वाली मिसाइलों को रोकने के प्रयास किए जा रहे है. अमेरिकी राष्ट्रपति ने साफ कर दिया है कि वह ईरान को परमाणु शक्ति किसी भी कीमत पर नहीं बनने देगा. ऐसे में इजरायल और ईरान के बीच युद्ध लंबा खिंच सकता है. इजरायल टाइम्स को एक अज्ञात सुरक्षा सूत्र ने बताया कि ईरान पर इस हमले की योजना महीनों पहले अमेरिका के साथ मिलकर बनाई गई थी. इस ऑपरेशन में इजराइल पूरी ताकत लगा रहा है और अमेरिका भी उसके साथ है. सूत्र ने यह भी बताया कि ज्वॉइंट ऑपरेशन का यह शुरुआती लेवल है, जो चार दिनों तक चलाने की प्लानिंग है.
ये भी पढ़ें:- इस बार इजरायल-US ने दिन के उजाले में हमला क्यों किया, क्या था प्लान?












