- दक्षिणी लेबनान में RT के पत्रकार स्टीव स्विनी और कैमरामैन अली रिदा पर मिसाइल हमला हुआ, दोनों घायल हुए.
- RT ने बताया कि पत्रकारों की टीम PRESS चिह्न के साथ थी, पर हमला जानबूझकर किया गया था.
- इजरायल रक्षा बल (IDF) ने कहा कि इलाके को खाली करने की चेतावनी दी गई थी, हमला अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुसार था.
दक्षिणी लेबनान से सामने आए एक वीडियो ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोगों की चिंताएं बढ़ा दी हैं. वीडियो में देखा जा सकता है कि रूसी स्टेट ब्रॉडकास्टर RT के पत्रकार स्टीव स्विनी अपनी रिपोर्टिंग के दौरान अचानक जमीन पर झुकते हैं, ठीक उसी समय एक मिसाइल उनके पीछे कुछ ही मीटर की दूरी पर आकर फटती है. विस्फोट में पत्रकार स्टीव स्वेनी और उनके कैमरामैन अली रिदा घायल हो गए और उन्हें अस्पताल ले जाना पड़ा.
‘हमला जानबूझकर किया गया'
RT के अनुसार, दोनों पत्रकार दक्षिण लेबनान में अल‑कासमिया ब्रिज के पास रिपोर्टिंग कर रहे थे, तभी उन पर हमला हुआ. रिदा ने कहा कि टीम साफ‑साफ ‘PRESS' चिह्न के साथ काम कर रही थी और हमला जानबूझकर किया गया. रूस के विदेश मंत्रालय से जुड़े अधिकारियों ने भी इसी आशंका को दोहराया.
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RT की एडिटर‑इन‑चीफ मार्गरिटा सिमोनियन ने X पर लिखा कि स्विनी ने बताया एक IDF (इजरायल रक्षा बल) के फाइटर जेट ने उस कार पर हमला किया जिसमें वे दोनों यात्रा कर रहे थे. दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया और उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है.
'पहले ही चेतावनी दी थी'
वायरल वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए IDF ने बयान जारी किया कि पत्रकार जिस कासमिया क्रॉसिंग पर दिखाई दे रहे थे, उस क्षेत्र को पहले ही खाली करने की स्पष्ट चेतावनी दी गई थी. IDF ने कहा कि चेतावनी के 'पर्याप्त समय' के बाद ही हमला किया गया और 'इजरायल पत्रकारों को निशाना नहीं बनाता और अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुसार ही काम करता है.'
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दक्षिण लेबनान में बढ़ते हमले
यह घटना ऐसे समय हुई जब इजरायल और अमेरिका, ईरान व उसके सहयोगियों के खिलाफ हमले तेज कर रहे हैं. दक्षिण लेबनान में लगातार हवाई और जमीनी अभियान जारी हैं. लेबनानी अधिकारियों के अनुसार, इस महीने की शुरुआत से इलाके में करीब 1,000 लोगों की मौत हो चुकी है और 10 लाख लोग विस्थापित हुए हैं.
रूस‑इजरायल तनाव और बढ़ा
रूसी विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह हमला संयोग नहीं हो सकता, खासकर उस संदर्भ में जब हाल के महीनों में संघर्ष क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पत्रकार मारे गए हैं. रूस ने अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से घटना की जांच की मांग की है, जिससे मॉस्को और तेल अवीव के बीच तनाव और बढ़ गया है.













