- इजरायल और अमेरिका के हमलों के कारण मिडिल ईस्ट के कई खाड़ी देशों में हालात तनावपूर्ण और अस्थिर हो गए हैं
- तेहरान में इजरायली हवाई हमलों से पांच प्रमुख ईंधन डिपो प्रभावित हुए, जिसमें चार लोगों की मौत हुई है
- हमलों के बाद आग और धुएं के स्तंभ आसमान में उठे, जो पड़ोसी इलाकों तक दिखाई दे रहे थे
ईरान पर इजरायल और अमेरिका के हमलों ने पूरे मिडिल ईस्ट को दहला दिया है. खाड़ी का कोई भी देश धमाकों से बच नहीं पाया है. यहां तक की खुद इजरायल भी हमले का शिकार है. जंग की ऐसी-ऐसी तस्वीरें सामने आ रही हैं, कि देख कर इंसान कांप जाए. आज इस जंग का नौवां दिन है और हर दिन जंग भयानक रूप लेता जा रहा है.
ईरान की राजधानी तेहरान में कल रात इजरायली हवाई हमलों में पांच प्रमुख ईंधन डिपो को निशाना बनाया गया. इसके बाद भीषण विस्फोट हुए और धुएं के ऊंचे-ऊंचे गुबार उठे. राष्ट्रीय ईरानी तेल उत्पाद वितरण कंपनी के सीईओ ने बताया कि दो टैंकर चालकों सहित चार लोग इसमें मारे गए.
युद्धक विमानों ने तेहरान और उसके आसपास के कई तेल डिपो पर हमला किया, जिससे भीषण आग लग गई और आसमान में घना काला धुआं छा गया, जो कराज जैसे पड़ोसी इलाकों में भी दिखाई दे रहा था. फुटेज में आग के गोले, धुएं के लंबे स्तंभ और लपटें रात के आसमान को रोशन करती दिखाई दे रही थीं, जबकि विस्फोटों से शहर के कई हिस्से हिल गए.
शनिवार को दुबई मरीना में एक इमारत पर ईरान द्वारा दागे गए एक मिसाइल का मलबा गिरा, जिससे इमारत के अग्रभाग से धुआं उठने लगा. दुबई सरकार ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि एयर डिफेंस सिस्टम्स ने मिसाइल को सफलतापूर्वक रोक दिया था, लेकिन गिरे हुए मलबे से मरीना स्थित इमारत के बाहरी हिस्से को मामूली नुकसान पहुंचा है.
दुबई सरकार के आधिकारिक मीडिया चैनल ने लिखा, "अधिकारियों ने पुष्टि की है कि सफलतापूर्वक रोके गए मिसाइल के मलबे से दुबई मरीना स्थित एक इमारत के अग्रभाग को मामूली नुकसान पहुंचा है. स्थिति नियंत्रण में है. किसी के घायल होने की सूचना नहीं है." खास बात ये है कि ये रिहायशी इलाका दुबई के सबसे प्राइम इमारतों में से एक है.
संडे को 16 मिसाइलें, 117 ड्रोन
संयुक्त अरब अमीरात का कहना है कि ईरान ने रविवार को नए हमलों में 16 बैलिस्टिक मिसाइलें और 117 से अधिक ड्रोन दागे हैं. संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय का कहना है कि उसने सभी 16 मिसाइलों को रोक दिया, जबकि 17वीं मिसाइल समुद्र में गिर गई. मंत्रालय का कहना है कि उसने अधिकांश ड्रोनों को भी रोक दिया, लेकिन चार ड्रोन संयुक्त अरब अमीरात की सीमा में गिरे. मंत्रालय ने कहा कि वह इन खतरों का "दृढ़ता से सामना" करने के लिए तैयार है. संयुक्त अरब अमीरात के बयान में रविवार के हमलों के स्थानों का उल्लेख नहीं किया गया है.
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