- इजरायल, अमेरिका के हमले के बाद ईरान ने मिडिल ईस्ट के 8 देशों में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले किए.
- ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने होर्मुज स्ट्रेट को सभी जहाजों के लिए बंद करने का ऐलान किया.
- होर्मुज स्ट्रेट फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ने वाला महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्ग है.
Iran Israel War: ईरान का इजरायल और अमेरिका के शुरू हुआ जंग अब पूरी दुनिया को अपनी जद में लेते नजर आ रहा है. इस हमले के बाद ईरान ने मिडिल ईस्ट में 8 देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया. दुबई तक पर हमले हुए. बुर्ज खलीफा के पास भी ड्रोन अटैक की खबरें सामने आई. अब ईरान ने दुनिया के सबसे जरूरी तेल एक्सपोर्ट रूट होर्मुज स्ट्रेट को बंद करने का ऐलान किया है. होर्मुज स्ट्रेट बंद होने से कई देशों की जहाजें फंस गई है. यदि होर्मुज स्ट्रेट जल्द नहीं खुलता है तो भारत सहित पूरी दुनिया पर तेल सकंट गहरा सकता है. दरअसल ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने होर्मुज स्ट्रेट को सभी जहाजों के लिए बंद करने का ऐलान किया है. ईरान ने ऐलान किया कि होर्मुज स्ट्रेट से किसी भी जहाज को गुजरने की इजाज़त नहीं है.
बताते चले कि यह स्ट्रेट दुनिया का सबसे जरूरी तेल एक्सपोर्ट रूट है, जो सऊदी अरब, ईरान, इराक और यूनाइटेड अरब अमीरात जैसे सबसे बड़े गल्फ तेल प्रोड्यूसर को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है.
होर्मुज स्ट्रेट के पास कई देशों की जहाजें फंसी हैं.
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने होर्मुज स्ट्रेट बंद करने का किया ऐलान
रॉयटर्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) नेवी ने VHF रेडियो के माध्यम से घोषणा की है कि किसी भी जहाज को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरने की अनुमति नहीं दी जाएगी. इस घोषणा के बाद इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग के बंद होने की आशंका बढ़ गई है.
जानिए होर्मुज स्ट्रेट क्यों इतना महत्वपूर्ण?
गौरतलब हो कि होर्मुज स्ट्रेट एक संकरा लेकिन महत्वपूर्ण जलमार्ग है, जो फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है. यह जलमार्ग लगभग 167 किमी लंबा है, जो अपने सबसे संकरे बिंदु पर लगभग 33 किमी तक सिमट जाता है. होर्मुज स्ट्रेट (जलडमरूमध्य) फारस की खाड़ी से कच्चे तेल का परिवहन करने वाले तेल टैंकरों के लिए एकमात्र समुद्री मार्ग के रूप में कार्य करता है. इससे यह वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण क्रूड ऑयल इम्पोर्ट कॉरिडोर में से एक बन गया है.
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया का महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है, जहां से वैश्विक तेल और एलएनजी की लगभग 20 से 30 प्रतिशत आपूर्ति होती है. इस मार्ग में किसी भी तरह का व्यवधान वैश्विक ऊर्जा बाजार और तेल-गैस की कीमतों पर बड़ा असर डाल सकता है.
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