US Iran War and Hormuz Blockade: ईरान ने जंग के संकट को आपदा में अवसर बना लिया है. ईरान ने जंग के बीच होर्मुज की नाकेबंदी करके टोल वसूलना शुरू किया है और उसे इस टोल की पहली पेमेंट कैश में मिली है, और यह ईरान के सेंट्रल बैंक में जमा भी हो चुका है. यह दावा ईरान की तरफ से किया जा रहा है. ईरान के सेंट्रल बैंक ने पुष्टि की है कि होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर लगाए गए नए ट्रांजिट टोल से मिलने वाला पैसा सफलतापूर्वक जमा हो गया है.
ईरान के सरकारी मीडिया प्रेस टीवी के अनुसार, यह पैसा “कैश करेंसी” में मिला और सेंट्रल बैंक के खातों में जमा किया गया है. इससे यह साफ हो गया है कि पेमेंट किस रूप में हुआ है. दरअसल इससे पहले खबर आ रही थी कि ईरान यह ट्रांजिट टोल बिटकॉइन या दूसरी क्रिप्टोकरेंसी में ले रहा है.
"होर्मुज पर केवल ईरानी जनता का अधिकार है"
इस रिपोर्ट के अनुसार ईरान की संसद के उपाध्यक्ष हमीदरेजा हाजीबाबाई ने भी कहा कि होर्मुज से मिलने वाली पहली कमाई पहले ही सेंट्रल बैंक के खाते में जमा हो चुकी है.
उन्होंने आगे कहा, “अब तक दो नियम तोड़ने वाले जहाजों को पकड़ा जा चुका है, और जरूरत पड़ने पर यह संख्या बढ़ाई जाएगी ताकि ईरान की संप्रभुता की रक्षा हो सके.” संसद उपाध्यक्ष ने कहा कि होर्मुज पर ईरान का कंट्रोल विदेशी प्रभाव के खिलाफ देश के विरोध का बड़ा नतीजा है. उन्होंने दावा किया कि ईरान की सैन्य ताकत के कारण अमेरिका के युद्धपोत 200 किलोमीटर पीछे हट गए हैं.
उन्होंने यह भी बताया कि दुनिया का लगभग 20 प्रतिशत तेल और 35 प्रतिशत गैस इसी होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर गुजरती है. इससे यह पता चलता है कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में ईरान की कितनी बड़ी भूमिका है.














