वह बच्चों के साथ... अमेरिका में भारतीय मूल के सुरेश ने यौन अपराधी को मार डाला, फिल्मी प्लान को यूं दिया अंजाम

वरुण सुरेश ने पुलिस के सामने कबूल किया कि वह लंबे समय से एक यौन अपराधी को मारना चाहता था. हत्या के बाद उसने भागने की कोशिश नहीं की.

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सुरेश और ब्रिमर, दोनों एक दूसरे को नहीं जानते थे- पुलिस
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  • अमेरिका के कैलिफोर्निया में 29 वर्षीय वरुण सुरेश ने 71 साल के यौन अपराधी डेविड ब्रिमर की चाकू से हत्या की
  • पुलिस ने इस हमले को टारगेटेड बताया और सुरेश को घटनास्थल से गिरफ्तार कर चाकू बरामद किया
  • सुरेश ने पुलिस को बताया कि वह लंबे समय से एक यौन अपराधी को मारने का इरादा रखता था
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अमेरिका में एक भारतीय मूल के व्यक्ति ने एक यौन अपराधी की चाकू मारकर हत्या कर दी है. 29 साल के वरुण सुरेश पर यह आरोप है कि उसने कैलिफोर्निया के फ्रेमोंट में 71 साल के रजिस्टर्ड यौन अपराधी डेविड ब्रिमर की हत्या की है. पुलिस ने हमले को "टारगेटेड" बताया है यानी सुरेश ने कथित तौर पर टारगेट बनाकर 9 साल जेल में काटने वाले यौन अपराधी की हत्या की है. पुलिस ने सुरेश को घटनास्थल से गिरफ्तार कर लिया, जहां उसके पास से एक चाकू बरामद किया गया. इंडिपेंडेंट की रिपोर्ट के अनुसार, बच्चों के यौन अपराधी ब्रिमर को हमले के बाद तुरंत आपातकालीन सहायता दी गई लेकिन उसकी चाकू से लगे कई घावों से मृत्यु हो गई.

सोमवार, 22 सितंबर को जारी किए गए अदालत के डॉक्यूमेंट के अनुसार, वरुण सुरेश ने पुलिस के सामने कबूल किया कि वह लंबे समय से एक यौन अपराधी को मारना चाहता था. उसने कथित हत्या को सही बताते हुए कहा कि ये यौन अपराधी "बच्चों को चोट पहुंचाते हैं" और "मरने लायक ही हैं". 

सुरेश ने यौन अपराधी को ऐसे खोज निकाला था

पुलिस जांचकर्ताओं ने खुलासा किया कि सुरेश ने रजिस्टर्ड यौन अपराधी डेविड ब्रिमर की पहचान करने और उसका पता लगाने के लिए कैलिफोर्निया के मेगन लॉ डेटाबेस का उपयोग किया. इस यौन अपराधी ने 1995 में बाल यौन उत्पीड़न के लिए नौ साल जेल की सजा काट ली थी. अधिकारियों ने पुष्टि की कि हमले से पहले सुरेश और ब्रिमर, दोनों एक दूसरे को नहीं जानते थे.

आरोप है कि हमले के दिन सुरेश ने खुद को चाकू से लैस किया और खुद को सर्टिफिकेट पब्लिक अकाउंटेंट वैध दिखाने के लिए एक बैग, नोटबुक और कॉफी लेकर घर-घर जाने लगा. जब वह डेविड ब्रिमर के घर पहुंचा तो सुरेश ने पहले इस बात कि पुष्टि की कि वह ब्रिमर ही है. फिर कथित तौर पर कहा, "मुझे पता था कि मैंने सही व्यक्ति को पहचान लिया है." फिर ब्रिमर भागने लगा तो सुरेश ने उसका पीछा किया, उसे "पश्चाताप" करने के लिए कहते हुए उसकी गर्दन पर चाकू से वार किया और, जैसे ही ब्रिमर जमीन पर रेंगने लगा, उसका गला काट दिया.

भागने की कोशिश नहीं की

अपनी गिरफ्तारी के बाद, सुरेश ने कथित तौर पर पुलिस को बताया कि उसने डेविड ब्रिमर को उसकी उम्र और कमजोरी के कारण निशाना बनाया, सीबीएस न्यूज के अनुसार, सुरेश ने कहा कि यह काम "ईमानदारी से कहूं तो मजेदार" था. सुरेश ने यह भी स्वीकार किया कि उसका घटनास्थल से भागने का कोई इरादा नहीं था. अगर पुलिस नहीं आती तो वह खुद ही पुलिस से संपर्क कर लेता. उसने कथित तौर पर कहा, "मैं उम्मीद कर रहा हूं कि क्योंकि (मृतक) एक पीडोफाइल है... जैसे, हर कोई पीडोफाइल से नफरत करता है... इसलिए, यह अच्छा होना चाहिए. यह अच्छा होना चाहिए."

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