- मैक्सिको की सेना ने कुख्यात ड्रग माफिया सरगना एल मेंचो को मुठभेड़ में मार गिराया है
- एल मेंचो की गर्लफ्रेंड की लोकेशन ट्रैक कर सेना ने उसके तापाल्पा स्थित ठिकाने पर छापा मारा था
- अमेरिकी सेना के नॉर्दर्न कमांड ने भी मैक्सिको की सेना को ऑपरेशन में तकनीकी और खुफिया सहायता प्रदान की
मैक्सिको की सेना ने देश के सबसे वांटेड ड्रग माफिया सरगना "एल मेंचो" को मार गिराया है और सबसे खास बात है कि उस कुख्यात ड्रग लॉर्ड तक पहुंचने के लिए उसकी एक गर्लफ्रेंड की अहम भूमिका रही. 59 साल के एल मेंचो का असली नाम नेमेसियो ओसेगुएरा रुबेन सर्वांटेस था और वह कुख्यात जलिस्को न्यू जेनरेशन कार्टेल (CJNG) का प्रमुख था. वह पश्चिमी मेक्सिको के खूबसूरत गांव तापाल्पा में छिपा हुआ था. रविवार को सैनिकों के साथ मुठभेड़ में वह घायल हो गया और अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई.
चलिए आपको बताते हैं कि कैसे उसकी गर्लफ्रेंड के जरिए मैक्सिको की सेना एल मेंचो तक पहुंची.
गर्लफ्रेंड की लोकेशन ट्रैक कर रही थी सेना
एएफफी की रिपोर्ट के अनुसार सेना का ऑपरेशन तब शुरू हुआ जब मैक्सिको की सैन्य खुफिया एजेंसियों को पता चला कि एल मेंचो की एक गर्लफ्रेंड तापाल्पा में उससे मिलने वाली है. इस ऑपरेशन में अमेरिकी सेना के नॉर्दर्न कमांड ने भी मदद की. तापाल्पा, मैक्सिको की जालिस्को राज्य की राजधानी ग्वाडलहारा से लगभग 130 किलोमीटर दूर है.
मैक्सिको के रक्षा मंत्री रिकार्डो ट्रेविला ने बताया कि यह महिला एल मेंचो की कई रोमैंटिक पार्टनर्स में से एक थी. वह एल मेंचो के एक भरोसेमंद व्यक्ति के द्वारा यहां तापाल्पा के एक घर में लाई गई थी. शनिवार को वह एल मेंचो से मिली और फिर वहां से चली गई. उसके पीछे एल मेंचो अपने सुरक्षाकर्मियों के साथ उसी घर में रुका रहा.
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किस्मत इस बार एल मेंचो के साथ नहीं थी
रक्षा मंत्री रिकार्डो ट्रेविला ने कहा, “सच कहें तो यह बहुत हिंसक हमला था.” उन्होंने बताया कि एल मेंचो के पास से भारी हथियार मिले, जिनमें ऑटोमैटिक राइफलें और दो रॉकेट लॉन्चर शामिल थे. यहां यह जानना जरूरी है कि उसके सुरक्षाकर्मी पहले भी ऐसे हथियारों का इस्तेमाल कर चुके थे. साल 2015 में उन्होंने एक सैन्य हेलीकॉप्टर को गिरा दिया था, जिससे वह गिरफ्तारी से बच गया था.
लेकिन इस बार “एल मेंचो” की किस्मत साथ नहीं थी. भागते समय वह और उसके गार्ड जंगल वाले इलाके में छिप गए, जहां कुछ केबिन बने हुए थे. सेना ने इलाके को घेर लिया और उसे झाड़ियों में से ढूंढ निकाला. उसके लोगों ने एक सैन्य हेलीकॉप्टर को भी निशाना बनाया, जिसे पास के बेस पर इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी. मुठभेड़ के दौरान सैनिकों ने एल मेंचो और उसके दो सुरक्षाकर्मियों को घायल कर दिया.
तीनों को हेलीकॉप्टर से ग्वाडलहारा के अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई. इसके बाद उनके शव हवाई जहाज से मेक्सिको सिटी भेजे गए और जनरल प्रॉसीक्यूटर ऑफिस को सौंप दिए गए. सुरक्षा मंत्री उमर गार्सिया हरफुच ने कहा कि ओसेगुएरा का शव उसके परिवार को सौंप दिया जाएगा. उसे कहां दफनाया जाएगा, यह अभी तय नहीं हुआ है.
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