सस्ते में Twitter खरीदने के लिए मस्क ने की धोखेबाजी? दुनिया के सबसे अमीर शख्स की परेशानी बढ़ी

Elon Musk and Twitter Takeover Controversy: ट्विटर के पूर्व निवेशक (इन्वेस्टर) ने एलन मस्क पर यह आरोप लगाया था कि उन्होंने सोशल मीडिया कंपनी में अपने शुरुआती निवेश की जानकारी देने में बहुत देर करके उन्हें धोखा दिया. आरोप है कि ऐसा करके मस्क ने कुल 200 मिलियन डॉलर बचाए हैं.

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Elon Musk पर गंभीर आरोप- सस्ते में ट्विटर खरीदने के लिए निवेशकों को दिया धोखा
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  • अमेरिका के एक जज ने ट्विटर की खरीद मामले में एलन मस्क के खिलाफ क्लास-एक्शन मुकदमा आगे बढ़ाने की मंजूरी दी है
  • ट्विटर के पूर्व निवेशकों ने मस्क पर शुरुआती निवेश की जानकारी देने में देरी कर धोखा देने का आरोप लगाया है
  • निवेशकों का दावा है कि मस्क की देरी से उन्होंने 200 मिलियन डॉलर से अधिक का नुकसान झेला है
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दुनिया के सबसे अमीर शख्स एलन मस्क के लिए एक बुरी खबर है. अमेरिका के जज ने ट्विटर की खरीद के मामले में एलन मस्क के खिलाफ मामले को सामूहिक मुकदमे के रूप में बढ़ाने की मंजूरी दे दी है. दरअसल ट्विटर के पूर्व निवेशक (इन्वेस्टर) ने एलन मस्क पर यह आरोप लगाया था कि उन्होंने सोशल मीडिया कंपनी में अपने शुरुआती निवेश की जानकारी देने में बहुत देर करके उन्हें धोखा दिया. अब मंगलवार, 31 मार्च को अमेरिका के एक फेडरल जज ने कहा कि वह पूर्व निवेशक एलन मस्क के खिलाफ अब अपना मामला क्लास-एक्शन मुकदमे के रूप में आगे बढ़ा सकता हैं.

नोट- क्लास-एक्शन मुकदमा (Class Action Lawsuit) एक सामूहिक दीवानी मुकदमा है, जिसमें एक या कुछ व्यक्ति अपने जैसे समान नुकसान झेलने वाले बड़े समूह (क्लास) की ओर से अदालत में मामला दर्ज करते हैं.

मैनहैटन में फेडरल जज एंड्रयू कार्टर के इस फैसले से टेस्ला और ट्विटर के मालिक, एलन मस्क को संभवतः ज्यादा हर्जाना देना पड़ सकता है, क्योंकि अगर निवेशकों को अलग-अलग मुकदमा करना पड़ता तो नुकसान कम होता. बता दें कि मस्क ने अक्टूबर 2022 में ट्विटर को 44 अरब डॉलर में खरीदा था और बाद में उसका नाम X रख दिया था.

एलन मस्क पर आरोप

निवेशकों के समूह का नेतृत्व Oklahoma Firefighters Pension and Retirement System कर रहा है. उनका कहना है कि मस्क ने अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग के नियमों के तहत तय 24 मार्च 2022 की समय-सीमा को नजरअंदाज किया. इस नियम के अनुसार उन्हें यह बताना था कि उनके पास ट्विटर के 5% शेयर हैं. निवेशकों का कहना है कि मस्क ने यह जानकारी 11 दिन बाद दी और तब बताया कि उनके पास 9.2% हिस्सेदारी है.

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निवेशकों का कहना है कि मस्क ने इस देरी से 200 मिलियन डॉलर से अधिक बचा लिए और उन्हें नुकसान पहुंचाया, क्योंकि इस 11 दिन की अवधि में उन्होंने ट्विटर के शेयर कम कीमत पर बेच दिए. निवेशकों ने कहा कि उन्होंने 26 मार्च 2022 को किए गए मस्क के दो ट्वीट्स पर भरोसा किया. उन ट्वीट्स में मस्क ने कहा था कि वे ट्विटर के एक प्रतिस्पर्धी प्लेटफॉर्म बनाने के बारे में “गंभीरता से सोच रहे हैं”.

क्लास-एक्शन की मंजूरी का विरोध करते हुए मस्क ने कहा कि निवेशक यह साबित नहीं कर सकते कि उन्होंने मस्क की कथित धोखाधड़ी पर भरोसा किया था. लेकिन जज ने कहा कि मस्क यह साबित नहीं कर पाए कि उनकी कथित गलत जानकारी से ट्विटर के शेयर की कीमत प्रभावित नहीं हुई थी, और यह माना जाएगा कि निवेशकों ने मस्क की चुप्पी पर भरोसा किया.

एंड्रयू कार्टर ने यह भी कहा कि अगर पूरे समूह के नुकसान को एक साथ मापना मुश्किल है, तो इसका मतलब यह नहीं कि मामले को क्लास-एक्शन के रूप में नहीं चलाया जा सकता. 

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कई केस चल रहे हैं

यह मामला सैन फ्रांसिस्को के फेडरल कोर्ट में चल रहे एक अलग मुकदमे से अलग है. उस मामले में जूरी ने 20 मार्च को मस्क को जिम्मेदार ठहराया था, क्योंकि उन्होंने यह सवाल उठाकर कि क्या ट्विटर फर्जी और स्पैम अकाउंट्स (या बॉट्स) से भरा हुआ है, कंपनी के अधिग्रहण की कीमत कम करने की कोशिश की थी. हर्जाने की राशि अभी तय नहीं हुई है. मस्क की ओर से अपील करने की उम्मीद है.

अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग ने भी मस्क पर मुकदमा किया है क्योंकि उन्होंने ट्विटर में अपनी 5% हिस्सेदारी की जानकारी देने में देरी की थी. दोनों पक्षों ने 17 मार्च को बताया कि समझौते की बातचीत अभी चल रही है.

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