- बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच 14 वर्षों के बाद पहली बार नियमित सीधी हवाई सेवा शुरू की गई है.
- 2012 के बाद यात्रियों को दुबई और दोहा के जरिए कनेक्टिंग फ्लाइट लेना पड़ता था, अब सीधी उड़ान संभव हुई है.
- हाल के वर्षों में रिश्तों में सुधार हुआ है, खासकर 2024 में राजनीतिक बदलाव के बाद यह बेहतर हुए हैं.
बांग्लादेश और पाकिस्तान के रिश्ते नए दौर में हैंं.दोनों देशों के बीच 14 सालों के लंबे अंतराल के बाद गुरुवार को एक बार फिर सीधी हवाई सेवाएं शुरू हो गईं. दोनों देशों के बीच यह कदम ऐसे समय उठाया गया है, जब लंबे समय से उतार‑चढ़ाव भरे रिश्तों में धीरे‑धीरे गर्माहट देखने को मिल रही है. गुरुवार को बांग्लादेश की राष्ट्रीय विमानन कंपनी बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की एक फ्लाइट ढाका से पाकिस्तान के कराची के लिए रवाना हुई. यह 2012 के बाद दोनों देशों के बीच पहली नियमित सीधी उड़ान है. इस विमान में करीब 150 यात्री सवार थे.
भौगोलिक रूप से बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच करीब 1500 किलोमीटर की दूरी है और यह दोनों कभी एक ही देश हुआ करते थे. हालांकि, 1971 के युद्ध के बाद दोनों देशों का विभाजन हुआ और उसके बाद से रिश्तों में कड़वाहट बनी रही. वर्ष 2012 के बाद से दोनों देशों के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों को दुबई और दोहा जैसे खाड़ी देशों के माध्यम से कनेक्टिंग फ्लाइट्स का सहारा लेना पड़ता था.
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ज्यादा बार पाकिस्तान जा सकेंगे: मोहम्मद शाहिद
कराची जा रहे यात्रियों में शामिल मोहम्मद शाहिद ने कहा कि सीधी उड़ान शुरू होने से उन्हें अब पहले की तुलना में ज्यादा बार यात्रा करने का मौका मिलेगा. उन्होंने बताया कि पहले उन्हें दो या तीन साल में एक बार ही पाकिस्तान जाने का अवसर मिल पाता था. शाहिद के मुताबिक, दोनों देशों में बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं जो लंबे समय से एक‑दूसरे के यहां आने‑जाने का इंतजार कर रहे थे.
एयरलाइन की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि सीधी उड़ानों की बहाली से व्यापार और वाणिज्य को बढ़ावा मिलेगा, साथ ही शैक्षणिक आदान‑प्रदान और सांस्कृतिक रिश्तों को भी मजबूती मिलेगी. बिमान के अनुसार, फिलहाल ये उड़ानें सप्ताह में दो बार संचालित की जाएंगी.
बेहतर हो रहे हैं बांग्लादेश-पाकिस्तान रिश्ते
हाल के वर्षों में बांग्लादेश और पाकिस्तान के रिश्तों में सुधार के संकेत साफ दिखाई दे रहे हैं. खास तौर पर वर्ष 2024 में बांग्लादेश में छात्र‑नेतृत्व वाले आंदोलन के बाद शेख हसीना की 15 साल पुरानी सत्ता के खत्म होने के बाद दोनों देशों के संबंधों में बदलाव आया है. इसी अवधि में भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में भी ठंडापन देखा गया है.
नवंबर 2024 में कराची से बांग्लादेश के प्रमुख बंदरगाह चटगांव के लिए कार्गो जहाजों की आवाजाही दोबारा शुरू हुई थी. इसके बाद से दोनों देशों के बीच व्यापार में बढ़ोतरी हुई है. सांस्कृतिक स्तर पर भी रिश्ते मजबूत हुए हैं और पाकिस्तानी गायक ढाका में प्रस्तुति दे रहे हैं, जबकि कई बांग्लादेशी मरीज इलाज के लिए पाकिस्तान का रुख कर रहे हैं.
विशेषज्ञों का मानना है कि सीधी उड़ानों की बहाली न केवल यात्रियों के लिए सुविधा बढ़ाएगी, बल्कि आने वाले समय में दोनों देशों के बीच आर्थिक और सामाजिक रिश्तों को भी नई दिशा दे सकती है. ग1














