ऊधम सिंह नगर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां पुलिस ने नकली नोटों के एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है. ‘ऑपरेशन प्रहार' के तहत की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने करीब 4.54 करोड़ रुपये के नकली नोट बरामद किए हैं. हैरानी की बात यह है कि इतने बड़े पैमाने पर नकली करेंसी को 17 डिब्बों में भरकर रखा गया था. इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है.
मुनेश चौहान की रिपोर्ट...
चेकिंग के दौरान मिली बड़ी सफलता
गदरपुर थाना पुलिस क्षेत्र में संदिग्ध लोगों की चेकिंग कर रही थी. इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि पंचपुरी गूलरभोज के पास एक खोखे में कुछ लोग भारी मात्रा में संदिग्ध नोटों के साथ मौजूद हैं. पुलिस ने बिना देर किए मौके पर छापा मारा और दो लोगों को हिरासत में ले लिया.
17 डिब्बों में भरे मिले नकली नोट
तलाशी के दौरान पुलिस को भारी मात्रा में नकली नोट मिले, जिन्हें अलग-अलग डिब्बों में भरकर रखा गया था. कुल मिलाकर करीब 4 करोड़ 54 लाख रुपये की नकली करेंसी बरामद की गई. इनमें कुछ असली नोट भी मिले, लेकिन बाकी बड़ी रकम नकली थी.
चालाकी से असली-नकली नोट मिलाकर करते थे धोखाधड़ी
जांच में यह बात सामने आई कि आरोपी लोगों को ठगने के लिए बड़ी चालाकी अपनाते थे. नोटों की गड्डियों के ऊपर असली 500 रुपये के नोट रखे जाते थे, जबकि नीचे “Children Bank of India” और “Reserve Bank of India” लिखे नकली नोट भरे होते थे. पहली नजर में ये असली लगते थे, जिससे आम लोग आसानी से धोखा खा जाते थे.
दो आरोपी गिरफ्तार, पूछताछ जारी
पुलिस ने इस मामले में मुन्तियाज और मनोज कुमार नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है. पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस रैकेट में और कौन-कौन शामिल है.
बड़े नेटवर्क की आशंका
पुलिस जांच में यह मामला किसी बड़े गिरोह से जुड़ा हुआ लग रहा है. बरामद मोबाइल फोन और अन्य सामान की जांच की जा रही है, ताकि यह पता चल सके कि नकली नोट कहां से आए और कैसे फैलाए जा रहे थे. संभावना है कि इस गिरोह के और भी सदस्य सामने आ सकते हैं.
क्षेत्राधिकारी अखिलेश कुमार ने बताया कि विशेष चेकिंग अभियान के दौरान यह सफलता मिली. उन्होंने कहा कि आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है और सख्त कार्रवाई की जा रही है. साथ ही उन्होंने साफ किया कि जिले में इस तरह के अपराधों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.














