गंगोत्री धाम में पंचगव्य का पान कर गैर सनातनी कर सकता है दर्शन, गंगोत्री मंदिर समिति का फैसला

गंगोत्री धाम में गैर‑सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाई गई है. मंदिर समिति के अनुसार, यदि कोई गैर‑सनातनी पंचगव्य का पान करता है, तभी उसे गंगोत्री धाम में दर्शन की अनुमति दी जाएगी.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • गंगोत्री मंदिर समिति ने गैर सनातनियों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया है, केवल पंचगव्य पान के बाद दर्शन की अनुमति
  • पंचगव्य में गंगाजल, गोमूत्र, गोबर, दूध, दही और घी शामिल होते हैं, जिसे पान करने पर व्यक्ति सनातनी माना जाता है
  • गैर सनातनी व्यक्ति पंचगव्य पान और गंगाजल स्नान के बाद सनातन धर्म में शामिल होकर धाम में दर्शन कर सकते हैं
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

गंगोत्री धाम में भी गैर सनातनियों के प्रवेश पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया गया है अगर कोई गैर सनातनी गंगोत्री धाम में आना चाहता है तो उसको पंचगव्य का पान करना होगा उसके बाद वह गंगोत्री धाम में दर्शन करने के लिए आ सकता है. यह फैसला गंगोत्री मंदिर समिति की तरफ से किया गया है. बद्रीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाने के बाद अब उत्तराखंड के ही गंगोत्री धाम में गैर सनातनियों का प्रवेश प्रतिबंध रहेगा हालांकि जिस तरीके से बद्रीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति ने गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाने का फैसला लिया और यह भी कहा कि अगर गैर सनातनी केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में आना चाहते हैं तो उनको एफिडेविट पर लिख कर देना होगा कि वह हिंदुत्व और सनातन में विश्वास करते हैं तभी दर्शन कर सकते हैं.

पंचगव्य पान के बाद ही दर्शन की अनुमति

इसी तरह से गंगोत्री धाम में भी गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाई गई है लेकिन अगर गैर सनातनी गंगोत्री धाम में दर्शन करने के लिए आना चाहता है तो उसको पंचगव्य का पान कर वे मंदिर में दर्शन करने आ सकता है. गंगोत्री मंदिर समिति के सचिव और चार धाम महापंचायत के अध्यक्ष सुरेश सेमवाल ने एनडीटीवी से बातचीत में बताया कि गंगोत्री मंदिर समिति ने यह फैसला लिया है. सुरेश सेमवाल ने बताया वैसे तो गंगोत्री धाम में पूरी तरह से गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक है लेकिन अगर कोई गैर सनातनी मंदिर में आना चाहता है तो उसको पंचगव्य का पान करना होगा पंचगव्य  गोमूत्र, गोबर, दुध,दही,घी का बना होता है. वह इसका पान करें और फिर वह मंदिर में दर्शन करने आ सकते हैं.

ये भी पढ़ें : उत्तराखंड HC का कड़ा रुख: मोहम्मद दीपक पर 'गैग ऑर्डर' लागू, सोशल मीडिया पोस्ट और बयान देने पर रोक

Advertisement

पंचगव्य से ‘शुद्धिकरण' का दावा, समिति की व्यवस्था

सुरेश सेमवाल ने एनडीटीवी को बताया कि यह पंचगव्य पूरी तरह से शुद्ध कर देता है दूसरे धर्म का व्यक्ति जब इस पंचगव्य का पान करता है तो वह पूरी तरह से शुद्ध हो जाता है और सनातनी बन जाता है. गंगोत्री मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल ने बताया कि कोई भी गैर सनातनी अगर आता है और सच्चे मन से पंचगव्य का पान करता है और गंगाजल से स्नान करता है तो वह सनातनी बन जाता है. गंगोत्री मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल गंगोत्री धाम के गेट ओर वे पंचगव्य को लेकर मंदिर समिति के लोग खड़े रहेंगे और ऐसे में जो भी गैर सनातनी आता है और उसका पान करता है उसको मंदिर में दर्शन करने दिया जाएगा यही नहीं. मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल ने यह भी बताया कि कोई अगर मुस्लिम भाई मंदिर में आता है और पंचगव्य का पान करता है तो वह दर्शन भी कर सकता है और वे घर वापसी भी करता है यानी उसको सनातन धर्म में हम वापस शामिल करेंगे इसके साथ ही उसका नाम कारण भी सनातन धर्म के तौर पर रखा जाएगा.

ये भी पढ़ें ; बर्फ की सफेद चादर में लिपटे चार धाम, मौसम के यू-टर्न से उत्तराखंड में फिर से निकले स्वेटर

Advertisement

कानूनी पहलुओं के लिए समिति गठित, अधिकारों के हनन से इनकार

गंगोत्री धाम मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल ने कहा कि भारत में सारे मुस्लिम भाई कन्वर्टेड है और मैं सभी मुस्लिम भाइयों को कहना चाहता हूं कि वह घर वापसी करें. गंगोत्री मंदिर के सचिव सुरेश सेमवाल ने कहा कि मंदिर समिति की तरफ से 8 से 10 लोगों की एक कमेटी बनाई गई है जिसमें कानून के जानकारी इसके अलावा मंदिर समिति के सदस्य रहेंगे, सुरेश सेमवाल ने कहा कि यह समिति कानूनी रूप से वह सभी चीज देखोगी जिसे मंदिर में गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाने, और किसी की भी धार्मिक स्वतंत्रता और अधिकारों का हनन न हो.

Featured Video Of The Day
PM Modi Lok Sabha Speech: PM का खुद पर तंज, ठहाकों से गूंज उठा सदन! | Parliament Session