- ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनाई की शहादत की खबर से शिया समुदाय में गहरा शोक व्याप्त हो गया है
- शिया चांद कमेटी के अध्यक्ष और प्रमुख धर्मगुरु ने तीन दिनों के आधिकारिक शोक की घोषणा की है
- सभी मोमिनों से काले झंडे लगाने और दुकानों को बंद रखने की अपील की गई है
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनाई की शहादत की खबर के बाद राजधानी लखनऊ सहित पूरे देश के शिया समुदाय में शोक की लहर दौड़ गई है. इस दुखद घड़ी में शिया चांद कमेटी के अध्यक्ष मौलाना सैफ अब्बास नकवी और प्रमुख शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद ने अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए बड़े फैसलों का ऐलान किया है. मौलाना सैफ अब्बास नकवी और मौलाना कल्बे जवाद ने संयुक्त रूप से अयातुल्लाह खामेनाई के सम्मान में तीन दिनों के आधिकारिक शोक की घोषणा की है.
सभी मोमिनों से अपील की गई है कि वे अपने घरों, अज़ाखानों और इमामबाड़ों पर काले परचम (झंडे) लगाकर अपना दुख प्रकट करें. मौलाना कल्बे जवाद ने समुदाय के लोगों से अपील की है कि वे अपनी दुकानों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों को बंद रखकर इस महान नेता को श्रद्धांजलि अर्पित करें.
आज रात लखनऊ में शोकसभा और कैंडल मार्च
शहीद को खिराज-ए-अकीदत (श्रद्धांजलि) पेश करने के लिए आज विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया गया है. रविवार रात 8:00 बजे लखनऊ के ऐतिहासिक छोटे इमामबाड़े में एक विशाल शोकसभा आयोजित की जाएगी. शोकसभा के समापन के बाद, एक मौन कैंडल मार्च निकाला जाएगा, जिसमें भारी संख्या में लोगों के जुटने की उम्मीद है.
मौलाना सैफ अब्बास नकवी ने कहा, "यह सिर्फ एक समुदाय की क्षति नहीं है, बल्कि पूरी इंसानियत की क्षति है. हम सभी धर्मों के इंसानियत परस्त लोगों से अपील करते हैं कि वे इस दुख की घड़ी में हमारे साथ शामिल हों."














