Smart Electricity Meter : उत्तर प्रदेश के लाखों बिजली उपभोक्ताओं के लिए बड़ा बदलाव होने जा रहा है. जून 2026 से राज्य में उन लोगों को भी बिजली बिल मिलने लगेगा, जिनके घरों में पहले से प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगे हुए हैं. यानी अब बार-बार मीटर रिचार्ज कराने का सिस्टम धीरे-धीरे खत्म होने वाला है. यूपी पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPPCL) इस बदलाव को लेकर लगातार उपभोक्ताओं को जानकारी दे रहा है. लेकिन यहां सबसे जरूरी बात यह है कि जून में बिजली बिल मिलने के लिए आपके स्मार्ट मीटर का पोस्टपेड मोड में शिफ्ट होना जरूरी है. ऐसे में अगर आपको अभी तक कोई मैसेज नहीं मिला है, तो बेहतर होगा कि आप खुद ही घर बैठे अपने मीटर का स्टेटस चेक कर लें. अच्छी बात यह है कि इसके लिए किसी दफ्तर के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं, बल्कि सिर्फ मीटर का एक बटन दबाकर इसका पता लगाया जा सकता है.
घर बैठे मिनटों में ऐसे चेक करें स्मार्ट मीटर का स्टेटस
अगर आपको अभी तक पोस्टपेड में शिफ्ट होने का मैसेज नहीं मिला है, तो घबराने की जरूरत नहीं है. आप सीधे अपने स्मार्ट मीटर की स्क्रीन पर इसका स्टेटस देख सकते हैं. इसके लिए मीटर पर दिए गए कंट्रोल बटन को एक-एक करके दबाएं. स्क्रीन पर अलग-अलग तरह की जानकारियां बदलती रहेंगी. इन्हीं के बीच कुछ सेकंड के लिए मीटर का मोड भी दिखाई देता है.
अगर स्क्रीन पर “Postpaid” दिखता है, तो इसका मतलब आपका मीटर नए बिलिंग सिस्टम में शिफ्ट हो चुका है. वहीं 'Prepaid' दिखाई देने पर समझिए कि मीटर अभी पुराने मोड में ही चल रहा है. ऐसी स्थिति में उपभोक्ता 1912 हेल्पलाइन या UPPCL ऐप के जरिए शिकायत दर्ज करा सकते हैं.
पोस्टपेड में शिफ्ट होने के बाद क्या बदलेगा?
अब तक प्रीपेड स्मार्ट मीटर यूजर्स को बिजली इस्तेमाल करने से पहले रिचार्ज कराना पड़ता था. लेकिन पोस्टपेड सिस्टम लागू होने के बाद सामान्य बिजली बिल की तरह हर महीने बिल जारी किया जाएगा. यानी अब रिचार्ज खत्म होने पर बिजली कटने जैसी चिंता काफी हद तक कम हो सकती है. UPPCL के मुताबिक जून 2026 से बिजली बिल SMS, व्हॉट्सऐप और UPPCL ऐप के जरिए भेजा जाएगा. इसके अलावा उपभोक्ता पेमेंट ऐप्स पर अपनी कस्टमर आईडी डालकर भी बिल की जानकारी चेक कर सकेंगे.
जून 2026 में समय पर बिजली बिल पाने के लिए जरूरी है कि आपका स्मार्ट मीटर पोस्टपेड मोड में शिफ्ट हो चुका हो. साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि आपके बिजली कनेक्शन के साथ सही मोबाइल नंबर रजिस्टर्ड हो, ताकि SMS और WhatsApp के जरिए समय पर बिल मिल सके. ऐसे में अभी से मीटर का स्टेटस चेक कर लेना बाद की परेशानियों से बचा सकता है.
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