"गृह मंत्री बिहार को क्‍या देने के लिए आ रहे हैं?" : अमित शाह के दौरे पर उपमुख्‍यमंत्री तेजस्‍वी यादव 

तेजस्‍वी यादव ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे को लेकर कहा, "हर महीने आ ही रहे हैं, लेकिन गृह मंत्री होने के नाते उनको कम से कम अपनी जिम्‍मेदारियों को निभाना चाहिए." 

विज्ञापन
Read Time: 10 mins
तेजस्‍वी यादव अपनी ही सरकार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर से भी खफा नजर आए. (फाइल)
पटना:

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शनिवार को बिहार के झंझारपुर में एक जन सभा को संबोधित करेंगे. इसे लेकर बिहार के उपमुख्‍यमंत्री तेजस्वी यादव ने अपनी प्रतिक्रिया व्‍यक्‍त की है. केंद्रीय गृह मंत्री के बिहार में जनसभा को लेकर तेजस्‍वी यादव ने कहा कि वो हर महीने बिहार आते हैं लेकिन उन्हें हिंसा की आग में जल रहे मणिपुर पर ध्यान देना चाहिए, वैसे भी उनके बिहार के दौरे से बिहारवासियों को कोई लाभ नहीं होने वाला है. इसके साथ ही तेजस्‍वी बिहार के शिक्षा मंत्री  चंद्रशेखर के रामचरितमानस पर दिए बयान को लेकर भी खफा नजर आए. 

तेजस्‍वी यादव से जब केंद्रीय गृह मंत्री के बिहार आने को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्‍होंने कहा, "हर महीने आ ही रहे हैं, लेकिन गृह मंत्री होने के नाते उनको कम से कम अपनी जिम्‍मेदारियों को निभाना चाहिए. मणिपुर में जो आग लगा है, कम से कम उस आग को तो बुझाएं. चुनाव तो आते जाते रहेंगे." 

तेजस्‍वी यादव यहीं नहीं रुके. उन्‍होंने कहा, "बिहार भी आ रहे हैं तो अपनी पार्टी के लिए आ रहे हैं. बिहार को देने के लिए क्‍या आ रहे हैं? ना आज तक बिहार को विशेष राज्‍य का दर्जा मिला और ना विशेष पैकेज मिला." 

इसके साथ ही तेजस्‍वी यादव अपनी ही सरकार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर से भी खफा नजर आए. शुक्रवार शाम दिल्ली से लौटने के तुरंत बाद तेजस्वी ने चंद्रशेखर के रामचरितमानस के संबंध में नये वक्तव्य से असहमति जताते हुए कहा कि उन्हें अपने विभाग के काम काज पर ध्यान देना चाहिए. 

Advertisement

ये भी पढ़ें :

* बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्‍वी यादव के घर में गूंजी किलकारियां, बने पिता
* लैंड फॉर जॉब मामले में तेजस्वी यादव को झटका : HC ने CBI समन रद्द करने की मांग ठुकराई
* "पटना में रह रहा तो CBI दिल्‍ली में..." : लैंड फॉर जॉब मामले में जारी समन को तेजस्‍वी ने HC में दी चुनौती

Featured Video Of The Day
Iran Israel War Impact on Pakistan: खत्म होने वाला है कच्चा तेल, शहबाज सरकार के उड़े होश
Topics mentioned in this article