- चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल के सात सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों को निलंबित किया
- निलंबित अधिकारियों पर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण से जुड़े वैधानिक अधिकारों के दुरुपयोग
- अधिकारी कृषि, राजस्व, महिला विकास, संयुक्त खंड विकास और अन्य विभागों में कार्यरत थे
निर्वाचन आयोग ने पश्चिम बंगाल के सात अधिकारियों को निलंबित कर दिया है. इन अधिकारियों पर चुनाव संबंधी विधिक प्रावधान के तहत अपनी शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए ये कार्रवाई की गई है. इन सातों अधिकारियों के खिलाफ गंभीर कदाचार,कर्तव्य में लापरवाही और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) से जुड़े वैधानिक अधिकारों के दुरुपयोग के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है.
कौन हैं ये सातों अधिकारी?
ये सभी अधिकारी निर्वाचन आयोग के लिए सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी के रूप में कार्यरत थे.बूथ स्तरीय अधिकारी,निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी और उनके सहायक राज्य सरकार के कर्मचारी होते हैं,जो मतदाता सूची अद्यतन करने और चुनाव कराने में सहायता के लिए प्रतिनियुक्ति पर काम करते हैं.
आदेशों का हवाला देते हुए चुनाव आयोग के अधिकारियों ने बताया कि निर्वाचन आयोग ने राज्य की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती को निर्देश दिया है कि संबंधित अधिकारी अपने-अपने विभाग के जरिए इन अधिकारियों के खिलाफ तुरंत अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू करें और इसकी जानकारी आयोग को दें.निर्वाचन आयोग और पश्चिम बंगाल सरकार के बीच मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर पहले से ही टकराव की स्थिति बनी हुई है.
निलंबित अधिकारियों के नाम
1. डॉ. सफाउर रहमान (AERO): कृषि विभाग के सहायक निदेशक, 56-समसेरगंज विधानसभा क्षेत्र, जिला मुर्शिदाबाद
2.नितीश दास (AERO): राजस्व अधिकारी, फरक्का और 55-फरक्का विधानसभा क्षेत्र के सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी
3.डालिया राय चौधरी (AERO): महिला विकास कार्यालय, मयनागुड़ी विकास खंड और 16-मयनागुड़ी विधानसभा क्षेत्र
4. शेख मुर्शिद आलम (AERO): एडीए (ADA), सूती ब्लॉक और 57-सूती विधानसभा क्षेत्र
5वां और 6वां सत्यजीत दास और जोयदीप कुंडू (दोनों AERO): सत्यजीत दास (Jt. BDO) और जोयदीप कुंडू (FEO), दोनों 139-कैनिंग पुरबा विधानसभा क्षेत्र से संबंधित हैं।
7. देबाशीष विश्वास (AERO): संयुक्त खंड विकास अधिकारी (Jt. BDO) और 229-डेबरा विधानसभा क्षेत्र।














