UP Panchayat Chunav Date: उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव तय समय पर मई-जून में हो पाएंगे या नहीं, इसको लेकर असमंजस बना हुआ है. इलाहाबाद हाईकोर्ट के कड़े रुख के बीच उत्तर प्रदेश पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर का बड़ा बयान सामने आया है. उन्होंने जुलाई तक पंचायत चुनाव करा लेने की बात कही है. एक दिन पहले बुधवार को हाईकोर्ट ने पंचायत चुनाव कराने में हीलाहवाली को लेकर नाराजगी जाहिर की थी. कोर्ट ने राज्य निर्वाचन आयोग से साफ तौर पर पूछा था कि क्या वो 26 मई की तय सीमा में चुनाव करा पाएगा या नहीं. इसके साथ ही सरकार से जवाब मांगा गया था. अदालती याचिका के बीच यूपी के पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कहा है कि अदालती आदेश का पूरी तरह से पालन कराया जाएगा. उन्होंने भरोसा दिया कि उत्तर प्रदेश में ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत चुनाव और जिला पंचायत चुनाव जुलाई तक हर हाल में करा लिए जाएंगे.
राजभर ने यूपी पंचायत चुनाव में आरक्षण को लेकर भी रुख स्पष्ट किया. उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत चुनाव में ओबीसी आरक्षण 2011 की जनगणना के आधार पर निश्चित होगा. अभी कोई नई प्रक्रिया नहीं कराई जाएगी. ओबीसी आयोग की आरक्षण पर रिपोर्ट मिलते ही पंचायत चुनाव का शेड्यूल घोषित कर दिया जाएगा. यूपी सरकार में मंत्री और सुभासपा अध्यक्ष राजभर ने कहा कि कैबिनेट बैठक में पिछड़ा वर्ग आयोग के गठन पर मुहर लगेगी. चक्रानुक्रम आधार पर आरक्षण तय होगा. फिर पंचायत चुनाव की तारीखों का ऐलान होगा.
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यूपी पंचायत चुनाव कब होंगे
पंचायती राज मंत्री ने कहा कि ग्राम पंचायत चुनाव के तहत ग्राम प्रधान और पंचायत सदस्य, क्षेत्र पंचायत के तहत बीडीसी और जिला पंचायत चुनाव में जिला पंचायत सदस्यों के चुनाव की तैयारी तेजी से चल रही है. पंचायत चुनाव के लिए जिलेवार बैलेट पेपर भी छप गए हैं. यूपी में पंचायत चुनाव की वोटर लिस्ट का प्रकाशन भी 15 अप्रैल तक हो सकता है.इसके साथ ओबीसी आरक्षण निर्धारित करने के लिए पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन होगा.ओबीसी कमीशन के गठन के साथ आरक्षण प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जाएगा.
पंचायत चुनाव की तारीख कब तय होगी
मई-जून में चुनाव न होने के सवाल पर राजभर ने कहा कि ग्राम प्रधान, बीडीसी, ब्लॉक प्रमुख, जिला पंचायत सदस्य और जिला पंचायत अध्यक्ष का कार्यकाल खत्म होने की समयसीमा अलग-अलग है. मगर किसी की भी अवधि जुलाई से आगे नहीं बढ़ाई जाएगी. पंचायत चुनाव की समयसीमा को ध्यान में रखकर ही चुनावी शेड्यूल तय किया जा रहा है.
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पंचायत चुनाव को लेकर हाईकोर्ट सख्त
गौरतलब है कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में देरी को लेकर सख्त नाराजगी जाहिर की है.अदालत ने उत्तर प्रदेश के राज्य निर्वाचन आयोग से पूछा था कि जब 15 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची आएगी तो फिर एक महीने के भीतर 26 मई तक चुनाव कराना मुमकिन हो पाएगा या नहीं. अदालत ने चुनाव आयोग से हलफनामा दाखिल करने को कहा है. साथ ही सुनवाई की अगली तिथि 25 मार्च तय की है.














