- राहुल गांधी ने पश्चिम बंगाल में पहली चुनावी रैली में पीएम मोदी और ममता बनर्जी दोनों पर गंभीर आरोप लगाए
- उन्होंने टीएमसी पर भ्रष्टाचार, हिंसा और गुंडा टैक्स वसूलने के गंभीर आरोप लगाते हुए कई घोटालों का उल्लेख किया
- राहुल ने कहा कि बंगाल में ममता बनर्जी ने उद्योग खत्म कर दिया. उन्होंने रोजगार के मुद्दे पर टीएमसी की आलोचना की
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की अपनी पहली रैली में राहुल गांधी ने पीएम मोदी और सीएम ममता बनर्जी पर दोहरा निशाना साधा. रायगंज की सभा में राहुल गांधी ने कहा कि बंगाल में बीजेपी के लिए रास्ता टीएमसी बना रही है. उन्होंने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए टीएमसी पर भ्रष्टाचार की रेस में शामिल होने का आरोप लगाया. राहुल ने कहा कि बंगाल में टीएमसी बीजेपी के लिए रास्ता बना रही है. अगर उन्होंने अपना काम किया होता तो बीजेपी बंगाल में कहीं दिखती ही नहीं.
टीएमसी और लेफ्ट को लिया आड़े हाथों
बंगाल की पहली चुनावी सभा में राहुल गांधी ने पुराने अंदाज में पहले पीएम मोदी पर हमला बोला और फिर टीएमसी और लेफ्ट को भी आड़े हाथों लिया. यूएस ट्रेड डील के मुद्दे पर पीएम मोदी को घेरते हुए राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि इसके ज़रिए देश के किसानों, ऊर्जा सुरक्षा, डेटा और उद्योगों के हितों से समझौता किया जा सकता है. राहुल ने कहा कि बंगाल के लोगों को दोहरा नुकसान होगा क्योंकि बंगाल में ममता बनर्जी ने उद्योग को खत्म कर दिया और पूरे देश में मोदी उद्योग को खत्म करने में लगे हैं. बंगाल कभी उद्योग का केंद्र था लेकिन पहले कम्युनिस्ट और फिर ममता बनर्जी ने इसे ख़त्म कर दिया.
राहुल गांधी ने टीएमसी पर घोटाला, हिंसा और गुंडा टैक्स वसूलने का आरोप लगाया. उन्होंने शारदा चिट फंड घोटाला, रोज़ वैली घोटाला, कोयला घोटाला, खनन घोटाला.. आदि का जिक्र करते हुए कहा कि बंगाल में गुंडा टैक्स वसूला जाता है. बंगाल की जनता को नहीं टीएमसी के सिंडिकेट को चौबीस घंटे पैसा मिलता है.
बंगाल में कोई जवाबदेही नहीं
उन्होंने आरजी कर रेप और मर्डर केस का जिक्र करते हुए कहा कि बंगाल में कोई जवाबदेही नहीं है. टीएमसी के गुंडे जो करना चाहें कर सकते हैं. उन्होंने रोजगार के मोर्चे पर भी ममता बनर्जी सरकार को घेरा और कहा कि टीएमसी हिंसा फैलाती है और झूठे वादे करती है. ममता बनर्जी ने 2021 में पाच लाख युवाओं को रोजगार देने का वादा किया था लेकिन अस्सी लाख युवाओं ने बेरोजगारी भत्ता के लिए आवेदन किया. ये बंगाल के साथ मजाक हो रहा है.
रायगंज में वरिष्ठ कांग्रेस नेता रहे प्रियरंजन दास मुंशी को याद करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि अगर उनका निधन नहीं हुआ होता तो आज बंगाल में कांग्रेस सरकार होती और वे सीएम होते.
बंगाल में कांग्रेस अकेले लड़ रही चुनाव
बता दें कि 2011 विधानसभा चुनाव में ममता और इसके बाद 2016 और 2021 में लेफ्ट के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ने वाली कांग्रेस इस बात अकेले सभी सीटों पर चुनाव लड़ रही है. पिछली बार कांग्रेस का खाता नहीं खुला था. ऐसे में इस बार कांग्रेस के सामने खाता खोलने की चुनौती है. कांग्रेस को मालदा-मुर्शिदाबाद के मुस्लिम बहुल इलाकों से उम्मीद है. फिलहाल इस क्षेत्र से पार्टी के पास एक सांसद हैं. राहुल गांधी की सभाओं के लिए भी इसी इलाके को तरजीह दी जाती गई है. इसी इलाके की बहरामपुर सीट से अधीर रंजन चौधरी चुनाव लड़ रहे हैं.














