- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन का उद्घाटन कर नए प्रधानमंत्री कार्यालय का शुभारंभ किया
- सेवा तीर्थ परिसर में प्रधानमंत्री कार्यालय, कैबिनेट सचिवालय और राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय स्थित हैं
- पीएम राहत योजना शुरू की गई है, जिससे दुर्घटना पीड़ितों को 1.5 लाख रुपये तक का नकद उपचार मिलेगा
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पीएमओ की नई इमारत सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन 1 और 2 का आज उद्घाटन किया. आज का दिन ऐतिहासिक भी है, क्योंकि आज ही के दिन नई दिल्ली को औपचारिक रूप से भारत की आधुनिक राजधानी बनाए जाने के 95 साल पूरे हुए हैं. इस सेवा तीर्थ परिसर में प्रधानमंत्री कार्यालय, कैबिनेट सचिवालय और राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय स्थित हैं. सेवा तीर्थ परिसर की दीवार पर ‘नागरिक देवो भव' का आदर्श वाक्य भी अंकित है.
सेवा तीर्थ में स्थानांतरित होने के बाद अपने पहले फैसलों में, प्रधानमंत्री मोदी ने सेवा की भावना को दर्शाने वाले महत्वपूर्ण फैसलों पर हस्ताक्षर किए. ये फैसले समाज के हर वर्ग किसान, महिलाएं, युवा और कमजोर नागरिक को प्रभावित करते हैं.
कई महत्वपूर्ण नई पहलें शुरू की गईं हैं. इनमें पीएम राहत योजना, लखपति दीदियों का लक्ष्य दोगुना करके 6 करोड़ करना, कृषि अवसंरचना कोष को दोगुना करके 2 लाख करोड़ रुपये करना और स्टार्टअप इंडिया फंड ऑफ फंड्स 2.0 का 10,000 करोड़ रुपये का कोष शामिल है.
1. पीएम राहत योजना: हर नागरिक के लिए जीवन रक्षक सुरक्षा
प्रधानमंत्री ने पीएम राहत योजना के शुभारंभ को मंजूरी दे दी है. इस पहल के तहत, दुर्घटना पीड़ितों को 1.5 लाख रुपये तक का नकद उपचार मिलेगा, जिससे यह सुनिश्चित होगा कि तत्काल चिकित्सा सहायता न मिलने के कारण किसी की जान न जाए.
2. लखपति दीदियों का लक्ष्य दोगुना होकर 6 करोड़ हुआ
सरकार ने मार्च 2027 की निर्धारित समय सीमा से एक वर्ष से भी अधिक समय पहले ही 3 करोड़ लखपति दीदियों का आंकड़ा पार कर लिया है. प्रधानमंत्री ने अब मार्च 2029 तक 6 करोड़ लखपति दीदियों का नया और महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है, जिससे लक्ष्य का पैमाना और आकांक्षा दोनों दोगुनी हो गई हैं.
3. किसानों को बड़ी राहत: कृषि अवसंरचना कोष दोगुना होकर 2 लाख करोड़ रुपये हुआ
भारत की संपूर्ण कृषि मूल्य श्रृंखला को मजबूत करने के उद्देश्य से, प्रधानमंत्री ने कृषि अवसंरचना कोष के आवंटन को 1 लाख करोड़ रुपये से बढ़ाकर 2 लाख करोड़ रुपये करने की मंजूरी दी है.
4. स्टार्टअप इंडिया फंड ऑफ फंड्स 2.0, 10,000 करोड़ रुपये के कोष के साथ: इनोवेशन की अगली लहर
भारत के इनोवेशन इकोसिस्टम को सशक्त बनाने के लिए, विशेष रूप से डीप टेक, प्रारंभिक चरण के विचारों, उन्नत विनिर्माण और अभूतपूर्व प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में, प्रधानमंत्री ने 10,000 करोड़ रुपये के कोष के साथ स्टार्टअप इंडिया फंड ऑफ फंड्स 2.0 को मंजूरी दी है.
इस सेवा तीर्थ में प्रधानमंत्री कार्यालय, राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय और कैबिनेट सचिवालय हैं, जो पहले अलग-अलग स्थानों पर स्थित थे. कर्तव्य भवन 1 और 2 में कानून, रक्षा, वित्त, स्वास्थ्य, कृषि और कई अन्य महत्वपूर्ण मंत्रालयों के कार्यालय स्थित हैं.
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इससे पहले नॉर्थ ब्लॉक और साउथ ब्लॉक 1931 से सत्ता के केंद्र रहे हैं. सरकार की योजना नॉर्थ ब्लॉक और साउथ ब्लॉक में इन प्रतिष्ठित इमारतों को 'युग युगीन भारत राष्ट्रीय संग्रहालय' में परिवर्तित करने की है, जो भारत की सभ्यतागत यात्रा को दर्शाने वाला एक विश्व स्तरीय संग्रहालय होगा.
जब नई दिल्ली को राष्ट्रीय राजधानी बनाया गया था, तब उसका केंद्र रायसीना हिल परिसर था, जिसमें भव्य वायसरॉय हाउस (अब राष्ट्रपति भवन) और नॉर्थ ब्लॉक एवं साउथ ब्लॉक शामिल थे.
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