ओडिशा में पहली बार गिरे इतने बड़े ओले! सड़कों पर बिछी 'सफेद चादर', कई घरों की छतें टूटीं

ओडिशा के बलांगीर जिले में भीषण ओलावृष्टि ने भारी तबाही मचाई. पटनागढ़ समेत कई इलाकों में पहली बार इतने बड़े ओले गिरे, जिससे सड़कें सफेद चादर जैसी दिखने लगीं. तेज हवाओं और बिजली गिरने के बीच खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं और कई घरों की छतें टूट गईं.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

Odisha Hailstorm 2026: ओडिशा के बलांगीर जिले में सोमवार को मौसम ने ऐसा कहर बरपाया, जिसे लोगों ने पहले कभी नहीं देखा था. पटनागढ़ और उसके आसपास के इलाकों में अचानक आई भीषण ओलावृष्टि ने पूरे क्षेत्र को हिला कर रख दिया. आसमान से गिरे बड़े‑बड़े ओलों की वजह से सड़कें पूरी तरह सफेद नजर आने लगीं, मानो बर्फ की चादर बिछ गई हो. इस प्राकृतिक आपदा में फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है, वहीं कई घरों की छतें भी टूट गईं.

कालबैसाखी के असर से बदला मौसम का मिजाज

सोमवार दोपहर बलांगीर जिले के पटनागढ़ शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में मौसम ने अचानक करवट ली. गरज के साथ तेज हवाएं चलीं और कुछ ही देर में ओलावृष्टि शुरू हो गई. बताया जा रहा है कि यह कालबैसाखी का असर था, जिसने बहुत कम समय में भारी तबाही मचा दी.

पहली बार गिरे इतने बड़े ओले

स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने अपने जीवन में पहली बार इतने बड़े ओले गिरते देखे हैं. कई जगहों पर ओले इतने बड़े थे कि गिरते ही सड़कों और खुले मैदानों पर बर्फ जैसी परत जम गई. कुछ इलाकों में तो देर तक ओले वैसे ही पड़े रहे, जिससे पूरा इलाका सफेद नजर आने लगा. ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ा है. खड़ी मूंग (हरी चना) और सब्ज़ियों की फसलों को भारी नुकसान हुआ है. खेतों में तैयार फसलें ओलों की मार सह नहीं पाईं और पूरी तरह बर्बाद हो गईं.  

घरों को भी पहुंचा नुकसान

तेज हवा और बड़े ओलों की वजह से कई घरों की छतें क्षतिग्रस्त हो गईं. कई जगहों पर एस्बेस्टस शीट में छेद हो गए, वहीं मिट्टी की छतों की टाइलें टूट गईं. पटनागढ़ क्षेत्र के पढेल गांव में हालात सबसे ज्यादा खराब रहे. पढेल गांव में तेज हवाओं के कारण एक बड़ा पेड़ जड़ से उखड़ गया और सीधा एक घर पर गिर पड़ा. इससे घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया. गनीमत रही कि उस समय घर में कोई मौजूद नहीं था, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया.

Advertisement

बिजली गिरने से लोग दहशत में

तूफान के दौरान बार‑बार बिजली गिरने की आवाज से लोग काफी डर गए. अचानक बदले मौसम और तेज़ गर्जना ने पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना दिया. लोग अपने घरों में दुबकने को मजबूर हो गए. इतनी भारी तबाही के बावजूद राहत की बात यह है कि अब तक किसी के हताहत होने या जान जाने की सूचना नहीं है. प्रशासन और स्थानीय लोग इसे बड़ी राहत मान रहे हैं, क्योंकि हालात बेहद भयावह थे.

नुकसान का आंकलन अभी बाकी

स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि अभी तक नुकसान का पूरा आंकलन नहीं किया जा सका है. ओलावृष्टि से खेती और मकानों को हुए नुकसान का सर्वे किया जा रहा है. इसके बाद ही यह साफ हो पाएगा कि कुल नुकसान कितना हुआ है और प्रभावित लोगों को क्या सहायता दी जाएगी.

Advertisement
Featured Video Of The Day
Syed Suhail | Iran Israel War: Trump को भारी पड़ा 'पायलट प्रोजेक्ट'! | Bharat Ki Baat Batata Hoon