Monsoon 2026: मॉनसून कब भारत पहुंचेगा, केरल से दिल्ली तक इस साल कैसी होगी बारिश? NDTV के सवाल पर मौसम विभाग ने सब कुछ बताया

Monsoon 2026 IMD Update: जब तक बारिश शुरू नहीं होती तब तक गर्मी से राहत नहीं मिलेगी. भारत में मॉनसून की एंट्री को लेकर शुक्रवार को IMD की प्रेस कॉफ्रेंस में NDTV ने सवाल पूछे. जिसके जवाब में आईएमडी के डीजी डॉ. एम. महापात्र ने बड़ी जानकारी दी है.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
Monsoon 2026 Forecast: मॉनसून को लेकर शुक्रवार को IMD ने बड़ी भविष्यवाणी की है.
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • आम तौर पर मॉनसून सीजन 1 जून के आसपास शुरू होता है. पिछले साल 8 दिन पहले, 24 मई को ही केरल तट पर पहुंच गया था.
  • IMD ने इस साल जून से सितम्बर के बीच मॉनसून सीजन के दौरान औसत से कम बारिश होने का पूर्वानुमान जारी किया है.
  • IMD की प्रेस कॉफ्रेंस में NDTV ने मॉनसून को लेकर सवाल पूछे. जिसपर DG डॉ. एम. महापात्र ने इसकी एंट्री पर बताया.
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
नई दिल्ली:

Monsoon Arrival Update: चिलचिलाती धूप और तेज उमस इन दिनों लोगों की कड़ी परीक्षा ले रहा है. प्रचंड गर्मी के बीच हर कोई बारिश से राहत की उम्मीद कर रहा है. लेकिन बारिश कब शुरू होगी? यह सबसे बड़ा सवाल है. मॉनसून जब तक सक्रिय नहीं होगा, तब तक गर्मी से मुक्ति मिलने की उम्मीद नहीं है. इस बीच शुक्रवार को भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मॉनसून पर बड़ी भविष्यवाणी करते हुए कहा कि इस साल सामान्य से भी कम बारिश होगी. मौसम विभाग की यह भविष्यवाणी लोगों की चिंता बढ़ाने वाली है. लेकिन साथ ही यह भी तय है कि जब तक बारिश शुरू नहीं होती तब तक गर्मी से राहत नहीं मिलेगी. शुक्रवार को IMD की प्रेस कॉफ्रेंस में NDTV ने मॉनसून को लेकर सवाल पूछे. जिसके जवाब में IMD के DG डॉ. एम. महापात्र ने मॉनसून की एंट्री को लेकर जानकारी दी है.  

IMD ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून केरल के तट पर कब पहुंचेगा

IMD के DG डॉ. एम. महापात्र ने दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की एंट्री से जुड़े सवाल पर कहा, "हम डेटा उपलब्ध कराएंगे, लेकिन अभी अगले 7 दिनों के दौरान मॉनसून आगे बढ़ेगा और यह प्रायद्वीप के एकदम दक्षिणी हिस्सों और उत्तर-पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों को कवर करेगा." उन्होंने आगे कहा कि मॉनसून ठीक किस तारीख को केरल पहुंचेगा, यह जानकारी हम बाद में देंगे.

MoES के सचिव डॉ. एम. रविचंद्रन ने बताया कि मॉनसून आगे बढ़ गया है. लेकिन बदकिस्मती से यह अभी जमीन तक नहीं पहुंचा है. जब यह जमीन पर पहुंच जाएगा, तभी हम इसकी घोषणा करेंगे. हम इसका इंतज़ार कर रहे हैं.

एक जून के आस-पास शुरू होता है मॉनसून सीजन

उल्लेखनीय हो कि आम तौर पर मॉनसून सीजन 1 जून के आसपास शुरू होता है. लेकिन पिछले साल मानसून 1 जून, 2025 से 8 दिन पहले, 24 मई को ही केरल तट पर पहुंच गया था और मॉनसून ने औसत से 9 दिन पहले 29 जून को ही पूरे देश को कवर कर लिया था. भारत मौसम विभाग ने इस साल जून से सितम्बर के बीच दक्षिण-पश्चिम मानसून सीजन के दौरान देश के अधिकतर हिस्सों में औसत से कम बारिश होने का पूर्वानुमान जारी किया है.

Advertisement

अल नीनो के कारण सामान्य से कम बारिश

Monsoon Mission Climate Forecast System (MMCFS) के आंकलन के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मॉनसून सीजन के दौरान अल नीनो कंडीशन विकसित हो सकती हैं. मानसून सीजन- 2026 के दौरान औसत से कम बारिश के पूर्वानुमान की एक अहम वजह El Nino कंडीशंस का जुलाई के बाद सक्रिय होना है. IMD का अनुमान है की अल नीनो कंडीशंस के सक्रिय होने का ज्यादा असर मॉनसून की बारिश पर अगस्त और सितंबर महीनों में पड़ने का अंदेशा है.

Advertisement

खरीफ फसल पर पड़ेगा असर

दक्षिण-पश्चिम मानसून सीजन कृषि क्षेत्र, विशेषकर कृषि अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, और इसका सीधा असर खरीफ सीजन के दौरान फसलों की बुआई पर पड़ता है.  IMD के मुताबिक, भारत में अधिकतर खरीफ फसलों की बुवाई जून और जुलाई महीने में हो जाती है. ऐसे में भारत मौसम विभाग का अनुमान है की इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून सीजन के दौरान औसत से कम बारिश होने का महत्वपूर्ण खरीफ फसलों की बुवाई पर ज्यादा असर नहीं होगा.

यह भी पढ़ें - Monsoon Update: इस साल सामान्य से भी कम बारिश, मॉनसून पर IMD की भविष्यवाणी ने बढ़ाई टेंशन, जून में भी हीटवेव

Featured Video Of The Day
Bengal Politics | TMC नेताओं की दौड़ा-दौड़ाकर पिटाई! गुंडाराज पर Suvendu का तगड़ा 'प्रहार' | NDTV