- कुमार विश्वास ने धार की भोजशाला यात्रा को सौभाग्यपूर्ण बताया और पवित्र स्थल पर मत्था टेकने की खुशी व्यक्त की.
- धार उच्च न्यायालय ने भोजशाला को मंदिर का दर्जा दिया और पूजा अर्चना की अनुमति प्रदान की है.
- कुमार विश्वास ने प्रधानमंत्री मोदी की अपील का समर्थन किया और जनता से गंभीरता से पालन करने का आग्रह किया.
धार भोजशाला मामले को लेकर कवि कुमार विश्वास ने कहा कि यह उनके लिए सौभाग्य की बात है कि उन्हें धार की कई बार यात्रा करने और उस पवित्र स्थल पर मत्था टेकने का अवसर मिला है, जिससे आज उनका हृदय अपार आनंद से भरा हुआ है. वहीं पीएम मोदी की अपील पर उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री जनता से कोई आग्रह करते हैं, तो उस पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए.
कवि कुमार विश्वास ने कहा कि कुछ सौ वर्ष पहले किसी दुर्घटना के कारण उन्होंने किसी दूसरे मत में आस्था व्यक्त की, लेकिन उनका जो डीएनए (DNA) है, वो भारतीय का ही है, वो राम का ही है, वो कृष्ण का ही है. तो वहां से भी मुक्ति पर्व प्रारंभ हो और भगवान अपने पूर्ण वैभव के साथ विराजमान हों. विश्व इस समय अशांत है, ऐसे समय में मनीषा ही काम आएगी, बुद्धि ही काम आएगी और वे कला संस्कृति की देवी हम सबके हृदय में यही सत्यम शिवम सुंदरम आरोपित करें, यह कामना है.
कुमार विश्वास
कुमार विश्वास ने कहा कि राम जन्मभूमि संघर्ष एक बड़ी परंपरा रही, जिसमें मेरा जुड़ाव बचपन से अपने पितृ परंपरा के कारण रहा. दीदी मां के दर्शन तब भी किए और यह दुर्भाग्य का विषय है, दुख का विषय है कि कितने वर्ष लगे, लेकिन कालांतर में भारत के सर्वोच्च न्यायालय के माध्यम से यह सुख प्राप्त हुआ और आज भगवान वहां अपने विग्रह में विराजमान हैं. उस लोकार्पण पर्व पर जब प्राकट्य पर्व हुआ, तब भी उपस्थिति हुई और लगातार जाने की होती है. आज भोजशाला का निर्णय आया है तो मन में दूना हर्ष है.
वे पढ़े-लिखे व्यक्ति हैं, बैरिस्टर हैं, ऐसा लोग कहते हैं : कुमार विश्वास
कुमार विश्वास ने कहा कि ओवैसी जी से मेरी प्रार्थना है, वे पढ़े-लिखे व्यक्ति हैं, बैरिस्टर हैं, ऐसा लोग कहते हैं. भाषा से तो कई बार नहीं लगता. मैं आशा करता हूं उनसे कि वे भारतीय सांस्कृतिक इतिहास भी पढ़ें और अपने कुलवंश का इतिहास भी पढ़ें, जिसमें चार पीढ़ी बाद ही उन्हें स्वयं के इसी परंपरा में खड़े होने का बोध प्राप्त हो जाएगा. तो वे भी भगवती के सामने उसी प्रकार नतमस्तक होंगे जैसे उनके परदादा के पिताजी नतमस्तक होते थे. तो दो-तीन पीढ़ी पहले मतांतरण कर लेने के कारण इतना विद्वेष और इतनी प्रकार की घृणा फैलाना उचित नहीं है.
उन्होंने लोगों से पेट्रोल की खपत कम करने और सोने की खरीद पर रोक लगाने की अपील का समर्थन करते हुए कहा कि यह देशहित में है. साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि सत्ताधारी दल की कमियों को उजागर करना और उनके खिलाफ आवाज उठाना विपक्ष का अधिकार है और उन्हें अपना कर्तव्य निभाते रहना चाहिए.
दरअसल, भोजशाला का मुद्दा लंबे अरसे से विवादों में है और इस मामले पर शुक्रवार को उच्च न्यायालय की इंदौर खंडपीठ ने फैसला सुनाया. जिसमें भोजशाला को मंदिर का स्वरूप माना गया है और पूजा अर्चना की अनुमति दी गई है साथ ही वहां अब नमाज नहीं हो सकेगी.
वहीं, PM मोदी ने देशवासियों से सोना न खरीदने और पेट्रोल-डीजल बचाने की अपील की है. पीएम मोदी ने कहा कि हमें उन चीजों का इस्तेमाल कम करना चाहिए जो विदेशों से आता है और ऐसी गतिविधियों से बचना चाहिए, जिसमें विदेशी मुद्रा खर्च होती है.
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